भास्कर न्यूज | अमृतसर शोषण पीड़ित बच्चों को न्याय दिलवाने के उद्देश्य से जिला कानूनी सेवा अथॉरिटी द्वारा जंडियाला के स्कूल में ‘बाल मैत्रीपूर्ण कानूनी सेवाएं और उनका संरक्षण अधिनियम संबंधी जागरूकता कैंप लगाया गया। जिला कानूनी सेवा अथॉरिटी सचिव और सीजेएम अमरदीप सिंह के निर्देशन में डा. स्वराज ग्रोवर और एड. डीवी गुप्ता के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। जिसमे डा. स्वराज ग्रोवर ने कहा कि बाल संरक्षण अधिनियम हरेक बच्चे को सुरक्षा, सम्मान और स्वतत्रतां प्रदान करता है। बच्चों का संपूर्ण शिक्षा प्राप्त करना उनका विशेष अधिकार है। बच्चों को उपेक्षा, शोषण और हानि से बचाना है। क्योंकि बालश्रम गैर कानूनी है और 14 वर्ष से कम आयु के बच्चे को खतरनाक काम पर लगने पर 20 हजार रुपए जुर्माना है। उन्होंने बताया कि बाल विवाह कानूनी सामाजिक अपराध है। वहीं कानूनी सेवाओं के लिए मुफ्त टोल फ्री न. 15100 है। एड. डीवी. गुप्ता ने बताया कि अभिभावकों द्वारा अपने बच्चो को स्कूल भेजना उनका मौलिक कर्तव्य है। प्रत्येक जिले में बाल कल्याण समितियां स्थापित है जो बच्चों के स्वास्थ्य, स्वच्छता, आहार आदि की देख-रेख करती है। इस मौके पर बच्चों को संकल्प दिलवाया गया कि वह अपने कर्तव्यों और अधिकारों के लिए राष्ट्रहितों का उपयोग करें।


