भास्कर न्यूज | फाजिल्का जिले के 11 स्कूलों को राष्ट्रीय स्तर पर “ग्रीन स्कूल’ के रूप में अवार्ड मिला है, जो फाजिल्का निवासियों के लिए गर्व की बात है। जिला शिक्षा अधिकारी (सेकेंडरी) अजय शर्मा और जिला शिक्षा अधिकारी (प्राइमरी) सतीश कुमार ने सम्मानित हुए सभी स्कूलों को इस उपलब्धि के लिए बधाई दी है। उन्होंने कहा कि स्कूल का हर एक शिक्षक और विद्यार्थी इस सम्मान का हकदार है, जिन्होंने स्कूलों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपना बहुमूल्य योगदान दिया है। शिक्षा के क्षेत्र में तो विद्यार्थी झंडे गाड़ ही रहे हैं, बल्कि अन्य कार्यक्रमों में भी कड़ी मेहनत कर नाम चमका रहे हैं। स्टेट स्तर से कुलबीर सिंह बाठ (संयुक्त निदेशक, साइंस एवं पर्यावरण आउटरीच प्रोग्राम) और मंदाकिनी द्वारा स्कूलों के प्रदर्शन को निखारने में अहम भूमिका रही। एनवायरनमेंट एजुकेशन प्रोग्राम के जिला समन्वयक विजय पाल ने बताया कि भारत सरकार के पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के संस्थान सीएसई नई दिल्ली और पंजाब स्टेट काउंसिल फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी चंडीगढ़ के दिशा-निर्देशों के अनुसार पंजाब के स्कूलों का ग्रीन स्कूल प्रोग्राम के तहत ऑडिट किया जाता है। स्कूलों के छह विभिन्न घटकों की जांच की जाती है जिनमें भूमि, पानी, कचरा, भोजन, ऊर्जा और वायु शामिल हैं। इन सभी विवरणों को भारत सरकार के पोर्टल पर नियमों के अनुसार अपलोड किया जाता है, जिसकी समीक्षा सीएसई नई दिल्ली द्वारा की जाती है। पूरे भारत में पंजाब के 237 स्कूल चुने गए, जिनमें से 218 सरकारी स्कूल हैं। पंजाब राज्य तीसरी बार राष्ट्रीय स्तर पर विजेता बना है। इंडिया हैबिटेट सेंटर, नई दिल्ली में महानिदेशक सुनीता नारायण और संयुक्त निदेशक कुलबीर सिंह बाठ द्वारा फाजिल्का के 11 स्कूलों को सम्मानित किया। सम्मानित होने वाले स्कूलों में सरकारी हाई स्कूल बनवाला हनवंता, सरकारी हाई स्कूल हीरां वाली, सरकारी हाई स्कूल मलूकपुर, सरकारी हाई स्कूल चुवाड़ियां वाली, सरकारी हाई स्कूल कटैहड़ा, सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल कीड़ियां वाली, सरकारी प्राइमरी स्कूल बहादुर खेड़ा, सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल बलेल के हसल, सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल कबूल शाह खुब्बण, सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल खुब्बण और सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल सीतो गुन्नो शामिल हैं। समारोह में सरकारी हाई स्कूल कटैहड़ा से गीतू चगती, सरकारी हाई स्कूल मलूकपुर से मनमोहन और सरकारी प्राइमरी स्कूल बहादुर खेड़ा से सुनील कुमार ने यह सम्मान प्राप्त किया। अवार्ड के लिए आवेदन करने से पहले सरकारी बांडीवाला स्कूल की मुख्य अध्यापिका पूनम, शिक्षक नरेश कुमार, अंकित सेठी और शिवम विखोना आदि द्वारा जिला स्तर पर ओरिएंटेशन प्रोग्राम आयोजित किया गया था, जिसमें अवार्ड के मानदंडों के बारे में विस्तार से बताया गया था। इस अवसर पर भारती फाउंडेशन से प्रदीप, दविंदर और मंगा सिंह (एजुकेटर मेंटर) का विशेष सहयोग रहा।


