जोधपुर में सेंट्रल जीएसटी की एंटी इवेजन टीम ने गुरुवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए घी-तेल के बड़े कारोबारी समूह ‘निर्मल ट्रेडर्स’ व इससे जुड़े तीन ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की है। मंडोर कृषि उपज मंडी, सरदारपुरा और तनावड़ा में चल रही इस कार्रवाई में करोड़ों रुपये की टैक्स चोरी उजागर होने की संभावना है। विभागीय सूत्रों के अनुसार, टीम ने मौके से डिजिटल डिवाइसेज और अहम दस्तावेज कब्जे में लिए हैं, जिनकी जांच की जा रही है। गोपनीय निगरानी और ‘टेक्निकल एविडेंस’ से खुला राज सूत्रों के अनुसार स्थानीय सीजीएसटी की एंटी इवेजन विंग को मंडोर कृषि उपज मंडी से संचालित होने वाले निर्मल ट्रेडर्स समूह द्वारा बड़े पैमाने पर जीएसटी हेरफेर की गोपनीय सूचना मिली थी। इसके बाद विभाग ने ‘टेक्निकल एविडेंस’ जुटाना शुरू किया। स्थानीय टीम पिछले कई दिनों से इस समूह की गतिविधियों पर गोपनीय तरीके से नजर रख रही थी। जब टैक्स चोरी के पुख्ता संकेत और सबूत हाथ लग गए, तब गुरुवार सुबह दबिश देने का फैसला किया गया। तीन ठिकानों पर एक साथ रेड गुरुवार सुबह सीजीएसटी की अलग-अलग टीमों ने कारोबारी के तीन मुख्य ठिकानों पर एक साथ धावा बोला। इनमें मंडोर कृषि उपज मंडी स्थित मुख्य कारोबार स्थल, सरदारपुरा ई रोड क्षेत्र में स्थित कारोबारी के घर और तनावड़ा इलाके में स्थित फैक्ट्री पर कार्रवाई शुरू की। कुछ ही देर में इसकी सूचना शहर में फैल गई, तो विशेष रूप से घी-तेल कारोबारियों में हड़कंप मच गया। दस्तावेज और डिजिटल डाटा की छानबीन जारी सुबह से जारी इस छापेमारी में अधिकारियों ने फर्म के कंप्यूटर, हार्ड डिस्क और बही-खातों को कब्जे में लिया है। प्रारंभिक जांच में करोड़ों की टैक्स चोरी से जुड़े इनपुट्स मिले हैं। फिलहाल टीम स्टॉक मिलान और इनपुट टैक्स क्रेडिट के क्लेम की जांच कर रही है। उल्लेखनीय है कि हाल ही में जोधपुर में घी और डेयरी सेक्टर में आयकर विभाग की भी बड़ी कार्रवाई देखने को मिली थी। ऐसे में यह छापा भी केंद्रीय विभागों की उसी सख्ती का हिस्सा माना जा रहा है।


