झाबुआ जिले में राम निर्गुणी भजन मंडली तारखेड़ी और बजरंग भक्त मंडली बोलासा पिछले 73 वर्षों से निःशुल्क निर्गुणी भजन संध्या का आयोजन कर रही हैं। ये मंडलियां शोक संतप्त परिवारों के बीच जाकर दिवंगत आत्माओं की शांति और मोक्ष के लिए भजन प्रस्तुत करती हैं। मंडली के सदस्य पीढ़ियों से इस निःस्वार्थ सेवा को निभा रहे हैं। सदस्य धनालाल पड़ियार ने बताया कि क्षेत्र में किसी भी परिवार में निधन होने पर, शोक संतप्त परिवार के निमंत्रण पर मंडली उनके घर पहुँचकर भजन संध्या का आयोजन करती है। इस सेवा के लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाता है, और यदि परिवार चाहे तो दशकर्म तक भी भजन संध्या आयोजित की जाती है। मंडली के एक अन्य सदस्य गेंदालाल पाटीदार के अनुसार, जब आत्मा शरीर का त्याग करती है, तो उसे कई वेदनाओं से गुजरना पड़ता है। इन पीड़ाओं से आत्मा को मुक्ति दिलाने और सद्गति प्रदान करने के लिए निर्गुणी भजनों का गायन किया जाता है। मंडली के सदस्य अर्जुन और सरदार ने बताया कि उनके पूर्वजों द्वारा शुरू की गई यह परंपरा आज भी जारी है। वर्तमान में मंडली में 13 सदस्य हैं, जिनमें युवा भी शामिल हो रहे हैं। वे अपना साउंड सिस्टम और अन्य साजो-सामान स्वयं लाते हैं और किसी प्रकार का कोई शुल्क नहीं लेते। हाल ही में, बुधवार को आम़ोदिया में स्व. ऊकारलाल पटेल के शोक कार्यक्रम के बाद मंडली के सदस्यों ने सुमधुर भजनों की प्रस्तुति दी। मंडली के अन्य सक्रिय सदस्यों में शोभाराम भिलोदिया, भेरू पटेल, मोहन, कंवर लाल माड़साब, मिश्रा, भंवरलाल, अर्जुन, रवि, रितेश, साजोदिया बाबू, झमकलाल, महेश, टिपोलिया, राहुल, चरणसिंह लववंशी, शांतिलाल, जितेन्द्र और पप्पू भैया शामिल हैं। ये सदस्य निर्गुणी भजनों की धुन और वाद्यों की थाप पर मनभावन नृत्य भी करते हैं।


