टोंक में जिला मुख्यालय समेत जिले भर में गुरुवार को दशहरा (विजयादशमी का पर्व) गुरुवार को उत्साह के साथ मनाया गया। रावण समेत मेघनाथ, कुंभकर्ण के पुतले जलाए गए। इस दौरान जमकर आतिशबाजी भी हुई। जिला मुख्यालय पर भी स्टेडियम के पास दशहरा मैदान (हाट बाजार) में 41 फीट के रावण व 35-35 फीट के कुंभकरण-मेघनाथ के पुतलों का दहन किया गया। यह दहन श्रीराम व लक्ष्मण बने कलाकारों ने किया। जय श्रीराम के जयकारों से गूंजा शहर
इससे पहले भव्य शोभायात्रा के रुप में रामादल (श्रीराम सेना) शहर के मुख्य बाजारों से होकर निकला गया। इस दौरान श्रीराम के जयकारों से शहर गूंज उठा। श्रीराम की सेना का जुलूस शोभायात्रा के रुप में बड़ा कुआ से पूजा-अर्चना के बाद रवाना हुई। रथ पर श्रीराम लक्ष्मण और हनुमान के साथ सवार रहे। जुलूस बड़ा बैण्डबाजों की मधुर स्वर लहरियों, झांकियों के साथ मुख्य बाजार से पट्टेबाजी का प्रदर्शन करते हुए निकला। श्रीराम-रावण संवाद के बाद हुआ दहन
यह जुलूस काफला, पांचबत्ती, सुभाष बाजार, घंटाघर, गांधी पार्क, कंकाली माता मंदिर के सामने से गुजरते हुए दशहरा मैदान हाट बाजार पहुंचा। जहां पहले कुंभकर्ण, फिर मेघनाथ और आखिर में श्रीराम-रावण संवाद हुआ के बाद रावण के 41 फीट के पुतले का दहन हुआ। आतिशबाजी के साथ पुतला धू-धू कर जल उठा। इस मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष चंद्रवीर सिंह चौहान, पूर्व सांसद सुखबीर सिंह जौनापुरिया, पूर्व विधायक अजीत सिंह मेहता, पूर्व सभापति लक्ष्मी जैन, पूर्व प्रधान खेमराज मीणा, एसडीएम हुक्मीचंद रोहलानिया, नगर परिषद आयुक्त धर्मपाल जाट आदि मौजूद रहे। कई मोहल्लों में भी हुआ रावण दहन
वहीं श्री रामकृष्ण मन्दिर सेठ रामगोपाल मांगीलाल अग्रवाल धर्माथ ट्रस्ट द्वारा गांधी खेल मैदान पर 51 फीट के रावण के पुतला दहन किया गया। इसके अलावा मुख्यालय पर कई मोहल्लों में भी युवाओं व बच्चों ने रावण के पुतले दहन किए।
इससे पहले श्रीरामकृष्ण मन्दिर से भगवान श्रीराम की सवारी मय लवाजमे और पंचमुखी हनुमान व्यायाम शाला के व्यायाम प्रदर्शन के साथ रामादल रवाना हुआ। यह नोशे मियां का पुल, बड़ा कुंआ, राज टाकीज रोड से होकर गांधी खेल मैदान पहुंचा। जहां श्रीराम ने रावण के 51 फीट का दहन किया। इस दौरान ट्रस्ट के मंत्री राजीव बंसल, राजेन्द्र गोयल, मणिकांत गर्ग, सुनील बंसल आदि मौजूद रहे। 10 दिवसीय रामलीला का हुआ समापन
उधर श्रीरामलीला व दशहरा महोत्सव समिति नगर परिषद टोंक की ओर गांधी पार्क रामलीला मैदान पर चल रही 10 दिवसीय रामलीला का की भी रावण मरण व श्रीराम का राज्याभिषेक के साथ पूर्णाहूति हो गई। आवां में रावण दहन देखने उमड़े लोग
आवां कस्बे में सरपंच दिव्यांश एम भारद्वाज ने रावण दहन को प्रेरणादायी बनाने के लिए अनूठी पहल की है। भगवान श्री राम सत्य, अहिंसा, चरित्र, शिक्षा, सदाचार, सद्भावना, नम्रता, समानता, कन्या सुरक्षा और सुनीति के 10 तीर रावण के अहंकार, ईर्ष्या, दुराचार, जात-पात, छुआछूत, लिंगभेद, अन्याय, दहेज, मृत्युभोज और भ्रूण हत्या जैसी अनीति के प्रतीक 10 सिर नष्ट किए।
रावण के 10 सिर पर इन 10 बुराइयां और भगवान श्रीराम के 10 तीरों पर लिखी 10 अच्छाइयां लिखी थी। सरपंच दिव्यांश एम. भारद्वाज ने बताया कि बीती रात को 45 फीट रावण के पुतले का दहन किया गया। इस मौके सैकड़ों लोग मौजूद थे।


