शहर में बढ़ती ठंड और कई इलाकों में दूषित पानी की सप्लाई के कारण शासकीय अस्पतालों में मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। अंबेडकर अस्पताल में रोजाना सर्दी-खांसी, उल्टी और दस्त से पीड़ित 100 से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में भी वायरल बुखार के मरीज ज्यादा आ रहे हैं। ठंड के कारण बच्चे और बुजुर्ग सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। नगर निगम को कचना हाउसिंग बोर्ड, सेजबहार, बोरियाकला, बोरियाखुर्द, लाभांडी, पिंक सिटी और गायत्री नगर सहित कई इलाकों से दूषित पानी की शिकायतें मिली हैं। हमर अस्पतालों में रोज औसतन 10 और जिला अस्पताल में 10 से 15 मरीज उल्टी-दस्त की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं। ये हैं सावधानी… साफ-सफाई जरूरी -जैसा कि एमडी डॉ. अब्बास नकवी ने बताया महापौर सख्त, सुधार रहे लीकेज घरों में दूषित पानी की सप्लाई पर महापौर भी सख्त हो गई हैं। निगम अफसरों ने मेयर कों बताया है कि कुछ जगहों पर पाइपलाइन लीकेज के कारण गंदा पानी आ रहा था, जिसे सुधारा जा रहा है। कई जगहों पर इस समस्या को दूर कर लिया गया है। स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ हर वार्ड में व्यापक सफाई अभियान चलाने को कहा है। उन्होंने कहा है कि वार्डों में नालियों की तले तक सफाई होनी चाहिए। सफाई के दौरान नालियों के अंदर पाइपलाइन मिलती है तो उसे तुरंत बाहर निकाला जाए।


