स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने डमी कैंडिडेट के जरिए एग्जाम पास कर बने दो सीनियर टीचरों को अरेस्ट किया है। एसओजी के डर के मारे जॉब छोड़कर दोनों आरोपी भाग गए थे। पिछले दो साल से फरार चल रहे दोनों आरोपियों पर 5-5 हजार रुपए का इनाम रखा हुआ था। एसओजी टीमों ने दबिश देकर दोनों आरोपियों को पकड़ा है। एडीजी (एसओजी) विशाल बंसल ने बताया कि जालसाजी कर सीनियर टीचर बने आरोपी दिनेश कुमार (29) निवासी देवड़ा, सांचौर, जालौर और दिनेश कुमार (29) निवासी झाब, जालौर को गिरफ्तार किया गया है। दिसंबर 2022 में राजस्थान लोक सेवा आयोग, अजमेर की ओर से वरिष्ठ अध्यापक (माध्यमिक शिक्षा) द्वितीय श्रेणी प्रतियोगी परीक्षा का आयोजन हुआ था। 24 दिसंबर को सामान्य ज्ञान और शैक्षिक मनोविज्ञान विषय का परीक्षा पेपर लीक होने के कारण रद्द हो गया था। दोनों ही विषयों की परीक्षा 29 जनवरी 2023 को आयोजित की गई थी। दोनों आरोपियों ने खुद की जगह डमी कैंडिडेट बैठाकर परीक्षा पास की और सीनियर टीचर (विज्ञान विषय) के पद पर चयनित हो गए। एसओजी की जांच के दौरान डमी कैंडिडेट बैठाकर दोनों आरोपियों के सीनियर टीचर बनने का पता चला। एसओजी के पकड़ने के डर से बचने के लिए दोनों आरोपी नौकरी छोड़कर फरार हो गए। फरार दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर 5-5 हजार रुपए का इनाम रखा गया। पिछले दो सालों से फरार चल रहे दोनों आरोपियों तक आखिरकार एसओजी टीम जा पहुंची। एसओजी टीम ने दबिश देकर दिनेश कुमार को पुणे, महाराष्ट्र और दिनेश कुमार को जयपुर से धर-दबोचा।


