डीडवाना जिला मुख्यालय सहित आसपास के क्षेत्रों में मौसम ने अचानक करवट ली है। डीडवाना और इसके निकटवर्ती गांवों आजवा, सिंघाना, नवरंगपुरा, पाटण, कलवाणी तथा भवादीया में बीती रात करीब 3 बजे से बेमौसम बरसात हुई। इस दौरान आसमान में आकाशीय बिजली की तेज गरज और गड़गड़ाहट भी लगातार जारी रही। तेज हवाओं के साथ हुई इस बरसात से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। वहीं एक बार जाती हुई सर्दी फिर लौटती नजर आ रही है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, अगले एक-दो दिनों तक इसी तरह का मौसम बने रहने की संभावना है। गौरतलब है कि बारिश से पहले शाम से ही आसमान में बादलों की आवाजाही और तेज हवाएं चल रही थीं। सरसों, गेहूं, चना, जीरा की फसलों को नुकसान का डर
मौसम में आए इस अचानक बदलाव का सीधा असर किसानों पर पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि यह बरसात कुछ फसलों के लिए लाभकारी साबित हो सकती है, लेकिन तैयार खड़ी या कटाई के नजदीक पहुंची फसलों को नुकसान की आशंका बनी हुई है। सरसों, गेहूं, चना, जीरा एवं ईसबगोल की फसलों को बेमौसम बारिश से नुकसान हो सकता है। इन फसलों में फूल, दाना एवं गुणवत्ता प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है, जिससे उत्पादन पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। सब्जी की फसलों के लिए फायदा
वही दूसरी ओर सब्जी की फसलों के लिए यह बारिश फायदेमंद साबित हो सकती है। मटर, पालक, मैथी जैसी सब्जियों को इस बरसात से लाभ मिलने की संभावना जताई जा रही है। इसके साथ ही गेहूं एवं जौ की फसलों में भी आंशिक रूप से फायदा होने की उम्मीद है।
किसानों ने बताया कि बारिश होने से फिलहाल खेतों में नमी पर्याप्त हो गई है, जिससे सिंचाई की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। इससे किसानों को लागत में भी कुछ राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि आगे का असर मौसम की आगामी स्थिति पर निर्भर करेगा।


