आरयू के दिवाकर आनंद (डोरंडा कॉलेज) व दीक्षा कुमारी (रांची वीमेंस कॉलेज) को राष्ट्रपति भवन, नई दिल्ली में सोमवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राष्ट्रीय सेवा योजना का सर्वोच्च पुरस्कार प्रदान किया। दिवाकर और दीक्षा ने एनएसएस के माध्यम से समाज सेवा और सामुदायिक कार्यों में महत्वपूर्ण योगदान दिया था, जिसके लिए उन्हें यह राष्ट्रीय सम्मान मिला है। कुलपति प्रो. (डॉ.) डीके सिंह ने कहा कि यह पुरस्कार छात्रों को आगे भी सामाजिक कार्यों में सक्रिय रहने की प्रेरणा देगा। आज विश्वविद्यालय की उपलब्धियों में एक नया अध्याय जुड़ गया है। डॉ. ब्रजेश कुमार ने कहा कि दिवाकर और दीक्षा के साथ देशभर के 30 स्वयंसेवकों को भी सर्वोच्च पुरस्कार प्रदान किया गया। बधाई देने वालों में विवि अधिकारियों में डीएसडब्ल्यू डॉ. सुदेश कुमार साहू, कुलानुशासक डॉ. मुकुंद चंद्र मेहता, सीसीडीसी डॉ. पीके झा, वित्त पदाधिकारी डॉ. दिलीप प्रसाद, कुलसचिव डॉ. गुरु चरण साहू, डीआर डॉ. अजय लकड़ा, पूर्व डीआर, डॉ. प्रीतम कुमार, प्रिंसिपल डॉ. राजकुमार शर्मा, डॉ विनीता सिंह शामिल हैं। एनएसएस कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. कुमारी उर्वशी और डॉ. कंचन मुंडा ने कहा कि दिवाकर आनंद और दीक्षा कुमारी की उपलब्धि ने झारखंड का गौरव बढ़ाया है। दिवाकर ने नशामुक्ति व स्वास्थ्य पर किया काम डोरंडा कॉलेज के दिवाकर आनंद एमए इकोनॉमिक्स के छात्र हैं और ग्रामीण साक्षरता अभियान में सक्रिय भूमिका निभाई है। इसके साथ नशामुक्ति और स्वास्थ्य जागरूकता अभियान में भी भाग लिया। रक्तदान शिविरों के सफल आयोजन में हमेशा आगे रहे। पर्यावरण जागरूकता और सामाजिक समरसता के लिए भी कई उत्कृष्ट कार्य किए। रांची वीमेंस महाविद्यालय की पीजी हिंदी की छात्रा दीक्षा कुमारी ने स्वच्छता अभियान और पर्यावरण संरक्षण में योगदान दिया है। उन्होंने महिला सशक्तीकरण व शिक्षा सहायता कार्यक्रम में बढ़चढ़ कर भाग लिए। वृक्षारोपण व सामाजिक न्याय से जुड़े प्रयास किए और ग्रामीण व शहरी स्लम क्षेत्रों में जन-जागरूकता अभियान चलाया। दीक्षा महिला सशक्तीकरण के साथ शिक्षा के लिए भी काम कर रही हैं City pride


