लखनऊ में क्रिप्टो करेंसी के नाम पर ठगी का खेल करने वाली कंपनी के डायरेक्टर शहर छोड़कर दुबई भाग निकले। वहीं से लोगों को डेढ़ साल से दो गुना रुपया करने के नाम पर ठगी कर रहे हैं। यह लोग सुशांत गोल्फ सिटी में ग्रीनवुड विला में ऑफिस चला रहे थे। कंपनी से जुड़े एजेंट ने साइबर थाने में कंपनी के सभी डॉयरेक्टर के खिलाफ 15 करोड़ की ठगी का मामला दर्ज कराया है। वहीं दूसरी तरफ पीड़ित इनके खिलाफ लखनऊ और प्रयागराज में भी एफआईआर दर्ज करा चुके हैं। डेढ़ साल में डबल मुनाफा देने के नाम पर किया खेल
बीबीडी ग्रीन निवासी मनीष श्रीवास्तव ने बताया कि बिट फाउंटेन ट्रेड प्राइवेट लिमिटेड (सीटीएस कोला) के डॉयरेक्टर ने तमाम लोगों से डेढ़ साल में दोगुना पैसा कराने के नाम पर पैसा लगवाया। कंपनी के डॉयरेक्टर और फाउंडर समीर केसरी क्रिप्टो करेंसी के नाम पर ठगी के साथ ही एजुकेशनल पोर्टल, टूर एंड ट्रैवल, जमीन और क्लब के नाम पर ठगी कर रहा है। जिसमें उसके परिचित और दोस्त डायरेक्टर हैं, जो एजेंट के माध्यम से ठगी कर रहे हैं। बड़े-बड़े होटल में करते पार्टी, लोगों से लेते पैसा
कंपनी के लोग लोगों को करोड़ों कमाने का लालच देकर क्रिप्टो करेंसी से लेकर अन्य चीजों में निवेश के नाम पर पैसे लेते। लोगों को शक न हो, इसके लिए कुछ पैसे भी इनके खाते में भेजते। यहां तक बड़े-बड़े होटल में सेमिनार करते। जहां लोगों को गिफ्ट और टूर के नाम पर विश्वास में लेते। यहां पर कंपनी के बारे में इन्वेस्टमेंट की जानकारी देते। इस तरह होने वाली बिजनेस मीटिंग्स और सेमिनार्स में डायरेक्टर और प्रमोटर समीर केसरी, एम केराय, गोविन्द कुमार, चरित मुण्डा और राम भजन मुण्डा आदि शामिल होते थे। जहां पर इन लोगों ने लोगों से करीब छह करोड़ रुपए नकद और नौ करोड़ इनके बताए गए खातों में जामा हुआ। उसके बाद जब पैसा वापस देने का वक्त आया तो दुबई भाग निकले। मई 2023 में खोला दुबई में ऑफिस, दी गई धमकी
कंपनी के लोगों ने पैसे मांगने पर कहा कि block chain प्रोडक्ट आने का इंतजार करें। जिसे मार्च 2023 में लॉच करने को कहा गया। जिसे बाद में 25 अक्टूबर 2023 में कहा। इसी बीच मई 2023 में इन लोगों ने दुबई में कॉपरेट ऑफिस खोल लिया। इसके बाद ब्लॉक चेन की लॉचिंग के नाम पर दुबई बुलाया। जहां पैसे वापस करने की जगह पर धमकी दी गई। कहा कि अब हम लोग दुबई आ गए हैं, कोई कुछ नहीं कर सकते। पूरा खेल यहीं से चलेगा। भारत सकार की साइट से मिलती जुलती बनाई अपनी कंपनी
कंपनी के एजेंट का कहना है कि कंपनी के लोग लोगों के साथ ही कर्मचारियों को भी धोखे में रखे। यह लोग भारत सरकार की कंपनी से मिलती जुलती अपनी कंपनी Blockchain.gov.in बनाई।
जबकि blockchain.gov.in सरकार की वेबसाइट है। साइबर थाना प्रभारी ब्रजेश कुमार यादव का कहना है कि फर्जी कंपनी बनाकर क्रिप्टो करेंसी के नाम पर करोड़ों की ठगी का मामला है। पीड़ित की शिकायत के आधार पर आरोपियों के विषय में जानकारी जुटाई जा रही है। एसटीएफ एक डायरेक्टर को कर चुकी है गिरफ्तार
एसटीएफ ने डायरेक्टर समीर केसरी को अक्टूबर 2024 में गिरफ्तार कर जेल भेजा था। उसके खिलाफ प्रयागराज और लखनऊ में मामले दर्ज हैं। वह इससे पहले एंजेला एग्रोटेक प्राइवेट लिमिटेड चलाता था। आजकल क्रिप्टो करेंसी (रूबी करेंसी) के नाम पर करोड़ों की ठगी कर चुका है।


