रविवार को दुर्ग के पद्मानभपुर में धर्मांतरण को लेकर जमकर बवाल हुआ। पड़ोसी की सूचना पर विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल और हिंदू जागरण मंच ने चर्च का घेराव किया। बाहर बैठकर भजन कीर्तन और हनुमान चालिसा का पाठ किया। मौके पर पहुंची पुलिस ने प्रार्थना सभा के स्थान को अपने कब्जे में लिया। एसडीएम को भी मौके पर बुलाया गया। दुर्ग एसडीएम की टीम ने प्रार्थना सभा में मौजूद सभी लोगों के नाम और पता डायरी में दर्ज की। इसके बाद जॉन नाम के पादरी के मौके पर पहुंचने के बाद स्थिति और बिगड़ गई। बजरंग दल की ओर से आरोप लगाया जा रहा है कि जॉन ने महिला पुलिस कर्मियों के साथ-साथ बजरंग दल की महिलाओं के साथ भी दुर्रव्यवहार किया। उनके कपड़े भी फाड़े। विवाद बढ़ता देख पुलिस ने दोनों ही पक्षों के लोगों को लेकर थाने आ गई। इसके बाद ईसाई समुदाय के लोगों ने थाने का घेराव कर दिया। उनका कहना था कि संविधान में अधिकार है कि कोई भी किसी भी धर्म को मान सकता है। ऐेसे में हिंदू संगठन की ओर से लगातार इस तरह का हंगामा कर परेशान किया जा रहा है। ईसाई समुदाय कार्रवाई और इंसाफ की मांग को लेकर थाने में डटे रहे। दोनों पक्षों के बीच जमकर धक्का-मुक्की
रविवार का दिन होने की वजह से ईसाई समुदाय के लोग पद्मनाभपुर में प्रार्थना के लिए जुटे थे। लेकिन विश्व हिंदू परिषद और हिंदू जागरण मंच के कार्यकर्ताओं ने धर्मांतरण का आरोप लगाकर नारेबाजी की और पुलिस से कार्यवाही की मांग की। इस दौरान दोनों समुदाय के बीच जमकर धक्का-मुक्की हुई। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण करने के लिए दोनों ही पक्षों को उठाकर थाने ले आई।


