भास्कर न्यूज | राजनांदगांव बोरतलाव थाना क्षेत्र की दुष्कर्म पीड़िता नाबालिग के बच्चे को अवैध ढंग से गोद लेने वाले दंपती को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दंपती भिलाई का रहने वाला है। जिन्होंने फर्जी जन्म प्रमाण पत्र के आधार पर बच्चे को गोद लिया था। पुलिस ने उन्हें न्यायिक रिमांड में भेज दिया है। बोरतलाव इलाके में एक नाबालिग से दुष्कर्म हुआ। जिसके बाद नाबालिग गर्भवती हो गई। मामले में पुलिस ने दुष्कर्म के आरोपी नाबालिग किशोर को गिरफ्तार किया है। पीड़िता के परिजनों ने शहर के कृष्णा हॉस्पिटल में गोपनीय ढंग से नाबालिग की डिलीवरी कराई। जिसमें हॉस्पिटल में काम करने वाले डॉ. विजय की अहम भूमिका रही। डॉ. विजय कुमुद महोबे मेमोरियल हॉस्पिटल में भी पदस्थ है। जिसने बच्चे को कुमुद महोबे हॉस्पिटल में दाखिल करा दिया और हॉस्पिटल के स्टाफ के साथ मिलकर उसने फर्जी दस्तावेज के सहारे नगर निगम से बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र बनवाया। जिसके आधार पर बच्चे को िभलाई के दंपती को अवैध ढंग से गोद दिया गया। दुष्कर्म के बाद गर्भवती हुई नाबालिग की जांच कृष्णा हास्पिटल में चलती रही। फरार डॉक्टर की तलाश स्टाफ की होगी गिरफ्तारी बोरतलाव पुलिस ने बताया कि पूरे घटनाक्रम में अहम भूमिका निभाने वाला डॉ. विजय फरार है। जिसकी तलाश में पुलिस टीम लगी हुई है। वहीं बच्चे का जन्म कुमुद महोबे हास्पिटल में होना बताकर फर्जी दस्तावेज तैयार कराने की जांच भी शुरू हो गई है। पुलिस के मुताबिक मामले में डॉ. विजय के साथ हॉस्पिटल के कुछ स्टाफ की भी जल्द गिरफ्तारी होगी। गंभीर मामला यह है कि पूरे घटनाक्रम की जानकारी महोबे हॉस्पिटल के संचालन को नहीं थी।


