इंदौर में दूषित पानी से हुई मौतों और बड़ी संख्या में लोगों के बीमार पड़ने की घटनाओं के बाद देवास प्रशासन और जनप्रतिनिधि सतर्क हो गए हैं। इसी को लेकर देवास में नगर निगम की जल व्यवस्था, स्वच्छता और साफ-सफाई को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें शुद्ध पेयजल और बेहतर स्वच्छता व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया। इंदौर की घटनाओं से देवास प्रशासन सतर्क इसी क्रम में देवास नगर निगम में जल व्यवस्था, स्वच्छता और साफ-सफाई को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य शहर में किसी भी तरह की लापरवाही को रोकना और नागरिकों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना रहा। बैठक में देवास विधायक गायत्री राजे पंवार ने नगर निगम अधिकारियों और पार्षदों के साथ विस्तृत चर्चा की। उन्होंने शहर की मौजूदा व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए कई जरूरी निर्देश दिए। शुद्ध पेयजल को बताया सर्वोच्च प्राथमिकता विधायक ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि नागरिकों को शुद्ध और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। इस कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक के दौरान विधायक ने शहर की स्वच्छता व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गंदगी और अव्यवस्था बीमारी का कारण बन सकती है, इसलिए सफाई व्यवस्था में किसी तरह की ढिलाई नहीं होनी चाहिए। पानी की जांच के लिए विशेष टीमें गठित नगर निगम सभापति रवि जैन ने जानकारी दी कि पानी की शुद्धता की जांच के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। ये टीमें शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर निरीक्षण करेंगी। सभापति ने बताया कि निरीक्षण के दौरान पानी की टंकियों की नियमित सफाई, जल आपूर्ति व्यवस्था और स्वच्छता मानकों का पालन हो रहा है या नहीं, इसकी बारीकी से जांच की जाएगी। औचक निरीक्षण से पकड़ी जाएगी गड़बड़ी जल व्यवस्था की निगरानी के लिए पानी की टंकियों का औचक निरीक्षण किया जाएगा, ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी को समय रहते सुधारा जा सके और नागरिकों को परेशानी न हो। बैठक में मौजूद पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों से जुड़ी जल आपूर्ति और सफाई की समस्याएं रखीं। कई वार्डों में पाइपलाइन, टंकी सफाई और नियमित जल आपूर्ति को लेकर मुद्दे सामने आए। अधिकारियों को त्वरित समाधान के निर्देश पार्षदों द्वारा उठाई गई समस्याओं पर विधायक और सभापति ने नगर निगम अधिकारियों को त्वरित समाधान के निर्देश दिए। बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदारों पर कार्रवाई की जाएगी।नगर निगम और जनप्रतिनिधियों का कहना है कि देवास में किसी भी हाल में इंदौर जैसी स्थिति नहीं बनने दी जाएगी। इसके लिए जल व्यवस्था और स्वच्छता पर लगातार निगरानी रखी जाएगी।


