15 दिसंबर 2024 से झारखंड में सरकारी दर पर धान खरीदारी शुरू की गई है। जिले में 24 धान अधिप्राप्ति केंद्र बनाकर 2 लाख क्विंटल धान खरीदारी का लक्ष्य रखा गया था। लेकिन दो माह बीतने के बाद मात्र 91671.97 (45.83% ) क्विंटल ही धान की खरीदारी हो सकी है। रामगढ़ जिले में पंजीकृत कुल 6307 किसान है। जिसमें से मात्र 1893 किसानों ने धान की बिक्री की है। जबकि केंद्र से 5164 किसानों को धान खरीदारी के लिए एसएमएस भेजा गया है। वहीं राज्य में 60 लाख क्विंटल धान खरीदारी का लक्ष्य रखा गया था। लेकिन दो माह बीत जाने के बाद भी 15 फरवरी तक मात्र 1987985.66 क्विंटल (33.13%) ही धान की खरीदारी हो पाई है। रामगढ़ जिले में कुल 24 धान अधिप्राप्ति केंद्र बनाया गया था। ज्यादातर धान अधिप्राप्ति केंद्र के गोदाम फूल हो गए है। गोदाम से धान का उठाव नहीं हो पा रहा है। इसके कारण खरीदारी भी बंद हो जा रही है। दुलमी धान अधिप्राप्ति केंद्र प्रबंधक विनय कुमार सिन्हा ने बताया कि गोदाम फूल हो जाने के बाद खरीदारी का साइट लॉक हो जाता है। मिल द्वारा गोदाम से उठाव होने के बाद साइड खुलता है। इसके बाद खरीदारी पुनः चालू की जाती है। जिसके कारण किसानों से सही तरह से धान की खरीदारी नहीं हो पा रही है।


