छत्तीसगढ़ के धमतरी में देर रात तक साईं जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर शहर के विभिन्न वार्डों से साईं पालकी यात्रा निकाली गई, जो साईं मंदिर तक पहुंची। यात्रा के दौरान बाजे की धुन पर श्रद्धालु थिरकते रहे, वहीं गोरिल्ला झांकी आकर्षण का मुख्य केंद्र बनी। भक्तों ने साईं मंदिर पहुंचकर अपने उज्जवल भविष्य की कामना की। जिले भर में साईं जन्मोत्सव को लेकर कई कार्यक्रम आयोजित किए गए। धमतरी शहर में कोष्टापारा वार्ड, भगत चौक, गणेश चौक और टिकरापारा जैसे विभिन्न स्थानों से पालकी यात्राएं शुरू हुईं। ये यात्राएं शहर के मुख्य मार्गों से होते हुए साईं मंदिर पहुंचीं, जहां पूजा-अर्चना की गई। भगत चौक से निकली पालकी यात्रा गणेश चौक, सदर बाजार और इतवारी बाजार से होकर मंदिर पहुंची और फिर कचहरी चौक होते हुए भगत चौक पर संपन्न हुई। इस दौरान कई महिला श्रद्धालु एक ही वेशभूषा में नजर आईं। कोष्टापारा भगत चौक से निकली साईं पालकी यात्रा श्री साईं खिचड़ी सेवा समिति के अध्यक्ष सचिन देवांगन ने बताया कि कोष्टापारा भगत चौक से पिछले करीब 15 वर्षों से साईं पालकी यात्रा बड़े धूमधाम से निकाली जाती है। सुबह पूजा-अर्चना के बाद पालकी यात्रा साईं मंदिर जाती है, और वापस आने पर वार्ड में महाप्रसादी का वितरण किया जाता है, जो शाम तक चलता है। इसके बाद भक्ति कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं। उन्होंने कहा कि समिति के सदस्य इस कार्यक्रम की तैयारी महीनों पहले से शुरू कर देते हैं। इस वर्ष की पालकी यात्राओं में गोरिल्ला झांकी विशेष आकर्षण का केंद्र रही। गणेश चौक से निकली पालकी यात्रा में शामिल इस झांकी ने सभी श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। टिकरापारा से भी पालकी यात्रा निकाली गई, जिसमें भक्ति भजन करते हुए श्रद्धालु साईं मंदिर पहुंचे और पूजा-अर्चना की।


