डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय (डीएसपीएमयू) प्रशासन द्वारा कैंपस में धरना-प्रदर्शन पर रोक लगाए जाने के विरोध में छात्रों का उबाल है। बुधवार को विभिन्न छात्र संगठनों के छात्रों ने एक साथ कमिशनर सह प्रभारी वीसी अंजनी कुमार मिश्र के आदेश का विरोध किया। दिन के दो बजे भाजयूमो के प्रदेश अध्यक्ष सह सीनेटर शशांक राज, संजय महतो, पूर्व प्रेसिडेंट नीरज, छात्र आजसू के प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा, ऋतुराज शाहदेव, जेसीएम के अमन तिवारी, असद फेराज, अबुआ अधिकर मंच के अभिषेक शुक्ला समेत अन्य छात्र नारेबाजी करते हुए प्रशासनिक भवन स्थित रजिस्ट्रार कार्यालय पहुंचे। वहां पहले से ही रजिस्ट्रार डॉ. धनंजय के अलावा साइंस डीन नमिता सिंह, प्रॉक्टर डॉ. राजेश कुमार सिंह, डॉ. पियूष बाला थीं। छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन से इस आदेश को तत्काल वापस लेने की मांग की। प्रॉक्टर ने कहा कि बातचीत के लिए 5 प्रतिनिधियों को वीसी कमिशनर ऑफिस बुला रहे हैं। इस पर सीनेटर शशांक राज ने कहा कि बातचीत के लिए कमिश्नरी आफिस क्यों जाएंगे। वीसी को यहां आना होगा। विवि कैंपस को कमिश्नरी ऑफिस की तरह संचालित नहीं किया जा सकता है। छात्रों की समस्याओं के प्रति जब-जब विवि प्रशासन अनदेखी करेगा, तब विवश होकर आंदोलन करेंगे। आदेश वापस नहीं लिया गया तो विवि में तालाबंदी की जाएगी। वीसी से बात करने गए अधिकारी प्रदर्शनकारी छात्रों का डिमांड लेकर प्रॉक्टर डॉ. राजेश और रजिस्ट्रार डॉ. द्विवेदी कमिश्नरी ऑफिस में प्रभारी वीसी से बात करने गए। इधर सीनेटर शशांक राज, ओम वर्मा, अमन तिवारी समेत अन्य कहा है कि विवि प्रशासन सेशन नियमित करने और नियमित कक्षाएं संचालित करने पर फोकस करता तो कैंपस में आंदोलन ही क्यों होगा।


