धार और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन को प्रभावित किया है। पिछले तीन दिनों से जारी शीत लहर के कारण तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। शनिवार को न्यूनतम तापमान 11.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था, जो रविवार को घटकर 9.02 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। घने कोहरे के कारण सुबह के समय दृश्यता बेहद कम हो गई है। खेत, सड़कें और आसपास का इलाका ठीक से दिखाई नहीं दे रहा है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन प्रभावित हुआ है। कड़ाके की ठंड के चलते खेतों में खड़ी गेहूं की फसल पर ओस की बूंदें बर्फ में बदल गई हैं। ठंड से बचाव के लिए शहरों और गांवों में लोग सुबह-शाम अलाव का सहारा ले रहे हैं। इस कड़ाके की ठंड से बुजुर्गों, बच्चों और मजदूर वर्ग को विशेष रूप से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सुबह जल्दी काम पर निकलने वाले लोगों के लिए घना कोहरा और ठंड एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर भारत से आ रही शीत लहर का असर अगले कुछ दिनों तक बना रहने की संभावना है। इसके चलते तापमान में और गिरावट दर्ज हो सकती है और फिलहाल ठंड से राहत मिलने के आसार नहीं हैं। लोगों को सतर्क रहने और ठंड से बचाव के लिए आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है।


