भास्कर न्यूज | लुधियाना जनकपुरी इलाके में नए साल की बधाई के नाम पर हुई वसूली की कोशिश एक हिंसक विवाद में बदल गई। घटना 30 दिसंबर की दोपहर गली नंबर-1 की है, जहाँ नगर निगम के कचरा उठाने वाले प्राइवेट कर्मचारी सोनू भारद्वाज के घर पहुंचे और रुपयों की मांग करने लगे। जब सोनू की पत्नी ने नए साल में अभी समय होने की बात कहकर उन्हें बाद में आने को कहा, तो कर्मचारी भड़क गए और महिला के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग करने लगे। बीच-बचाव करने पहुंचे सोनू भारद्वाज के साथ भी कर्मचारियों ने धक्का-मुक्की की और विवाद बढ़ने पर अपने अन्य साथियों को बुला लिया। आरोप है कि इन सभी कर्मचारियों ने मिलकर सोनू पर जानलेवा हमला कर दिया, जिससे उनके सिर और हाथ पर गंभीर चोटें आईं। इस मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी बड़े सवाल खड़े हो रहे हैं। पीड़ित का आरोप है कि वह पिछले 10 दिनों से इंसाफ के लिए पुलिस चौकी के चक्कर काट रहा है, लेकिन अब तक उसकी शिकायत पर मामला दर्ज नहीं किया गया है। सरकारी व्यवस्था से जुड़े इन प्राइवेट कर्मचारियों की सरेआम गुंडागर्दी और पुलिस की कथित ढिलाई के कारण स्थानीय निवासियों में गहरा रोष है। लोग अब अपने ही घर के बाहर सुरक्षा को लेकर आशंकित हैं।


