भास्कर न्यूज | अमृतसर कांग्रेस सांसद गुरजीत सिंह औजला ने कहा कि 6 साल से बंद पड़े भारत-पाक वाघा सीमा व्यापार को दोबारा से शुरू करवाने के लिए संसद में आवाज बुलंद करेंगे। निजी होटल में नट्स एंड ड्राई फ्रूट कौंसिल ऑफ इंडिया की ओर से आयोजित कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए औजला ने कहा कि मौजूदा दौर में नट्स एंड ड्राई फ्रूट अफगानिस्तान से मुंबई-गुजरात पोर्ट के माध्यम से पंजाब तक पहुंचने में 10-10 दिन लग जाते हैं जिससे व्यापारियों को आर्थिक बोझ के अलावा कई परेशानियों का भी सामना करना पड़ता है। औजला ने कहा कि व्यापारियों की उक्त परेशानी को आगामी 23 फरवरी से शुरू हो रहे संसद सत्र में उठाएंगे। केंद्र सरकार को नट्स एंड ड्राई फ्रूट के व्यापार को प्रफ्फुलित करने के लिए विशेष पॉलिसी बनानी चाहिए क्योंकि अमेरिका के बाद भारत दूसरे नंबर पर है जहां सबसे ज्यादा खपत होती है। इससे पहले कोंसिल के फाउंडर सदस्यों में शामिल शिराज इंटरनेशनल के एमडी राज अरोड़ा ने औजला को समस्याओं से अवगत करवाया। उन्हें ड्राई फ्रूट के आयात में आ रही खामियों से अवगत करवाया। इस मौके पर राज अरोड़ा, मानव अरोड़ा ने सांसद औजला को सम्मानित किया। अमृतसर क्लब के प्रधान एवं व्यापारी ललित मोहन चंडोक, व्यापारी रमन कमार और संत सिंह इत्यादि मौजूद थे। कौंसिल के वरिष्ठ सदस्य एवं फाउंडर मेंबर रवि मेहता ने कहा कि भारत में ड्राई फ्रूट की खपत 16 लाख टन सालाना है, देश की 1.43 लाख आबादी में से प्रत्येक नागरिक 1 किलो 100 ग्राम ड्राई फ्रूट सालाना कंज्यूम कर रहा है। अगर नागरिक एक किलो 100 की बजाए 1 किलो 200 ग्राम सालाना ड्राई फ्रूट खाना शुरू कर दे तो एक साल में ही इसकी खपत बढ़कर 30 लाख टन हो जाएगी। ड्राई फ्रूट की खपत काफी कम हैं लेकिन ज्यादा संख्या में उद्यमियों के इस इंडस्ट्री में आने से इसकी खपत में काफी ज्यादा इजाफा हो सकता है।


