नर्मदापुरम जिले में 1 दिसंबर (सोमवार) से सरकार किसानों से समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी शुरू करने जा रही है। इसके लिए जिले भर में 64 उपार्जन केंद्र बनाए गए हैं, जहां तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। अब तक 8 हजार से अधिक किसानों ने अपनी उपज बेचने के लिए स्लॉट बुक कर दिए हैं। ऐसे में खरीदी के पहले दिन से ही केंद्रों पर धान की बंपर आवक होने की संभावना है। खरीदी के दौरान किसी भी तरह की तकनीकी या व्यवस्थागत परेशानी न आए, इसके लिए जिला प्रशासन ने कई विशेष टीमें गठित की हैं। धान की खरीदी कृषि सहकारी समितियों के माध्यम से होगी। किसानों को उनके निर्धारित स्लॉट के हिसाब से केंद्र पर पहुंचने का समय पहले ही बता दिया गया है। अधिकारियों की टीम करेगी निगरानी
व्यवस्था चाक-चौबंद रखने के लिए खाद्य विभाग, उपार्जन एजेंसियों और भंडारण संस्थाओं के अधिकारियों-कर्मचारियों की एक जांच टीम बनाई गई है। मिलर्स के धान का होगा भौतिक सत्यापन
नियमों के तहत, अनुबंधित मिलर्स द्वारा धान का उठाव करने से पहले राइस मिल परिसर और गोदामों में पहले से भंडारित धान का भौतिक सत्यापन किया जाएगा। सत्यापन पूरा होने के बाद ही खरीदी केंद्रों से धान का उठाव करने की अनुमति होगी। समस्याओं के लिए कंट्रोल रूम स्थापित
धान उपार्जन के दौरान समस्याओं के तुरंत निराकरण के लिए जिला स्तरीय नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) स्थापित किया गया है। यह कंट्रोल रूम सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक संचालित रहेगा। किसान खरीदी से संबंधित किसी भी समस्या या सुझाव के लिए सीधे यहां संपर्क कर सकेंगे।


