नर्मदापुरम में प्रभु यीशु के जन्मदिन (क्रिसमस) का पर्व पूरे उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। बुधवार रात घड़ी में जैसे ही 12 बजे, शहर के सभी चर्च घंटियों और ‘हैप्पी बर्थडे जीसस’ के जयकारों से गूंज उठे। आरसी चर्च सेंट जोसेफ हॉस्पिटल में प्रभु यीशु के जन्म की विशेष झांकी सजाई गई, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में समाजजन पहुंचे। युवाओं ने गाए कैरोल, सांता ने बांटे उपहार देर शाम से ही युवाओं की टोलियां घर-घर जाकर कैरोल गा रही थीं। रात को चर्च में ‘यीशु आया, यीशु आया है’ के बधाई गीत गूंजने लगे। इस दौरान सांता क्लॉज ने बच्चों को उपहार बांटे और लोगों ने केक काटकर एक-दूसरे को ‘मैरी क्रिसमस’ कहकर बधाई दी। शहर के सदर बाजार स्थित सेंट जॉर्ज चर्च, रसूलिया स्थित ईसीआई चर्च और पेंटी कॉस्टल चर्च रोशनी से जगमगा रहे हैं। फादर बोले- यह प्रेम और त्याग का संदेश है फादर विलियम ने बताया कि क्रिसमस का त्योहार केवल एक धार्मिक परंपरा नहीं है, बल्कि यह पूरे मानव समाज के लिए ईसा मसीह के प्रेम, त्याग और भाईचारे का संदेश देता है। यह एक-दूसरे को खुशियां बांटने का अवसर है। आज (गुरुवार) सुबह 10 बजे सभी चर्चों में विशेष प्रार्थना और आराधना का आयोजन किया जाएगा। रोशनी से जगमगाएगा रहे चर्च सेंट जोसेफ हॉस्पिटल स्थित चर्च, रोमन कैथोलिक चर्च, सदर बाजार स्थित सेंट जॉर्ज चर्च, रसूलिया स्थित ईसीआई चर्च, पेंटी कॉस्टल चर्च सहित अन्य चर्च में प्रभु यीशू के जन्म दिवस को लेकर सजावट व झांकियां बनाई गई। प्रभु यीशु के जन्म की झांकी सजाई गई। फादर विलियम ने बताया कि क्रिसमस का त्यौहार केवल एक धार्मिक परंपरा ही नहीं बल्कि पूरे मानव समाज के लिए ईसा मसीह का जन्म, प्रेम, त्याग और भाईचारे का संदेश देता हैं, एक दूसरे से मिलकर अपने प्रेम को प्रगट करता हैं। एक दूसरे को उपहार देने का अवसर होता हैं, खुशी देने का अवसर होता हैं।


