भरतपुर। शहर में मकान किराए काफी महंगे हैं, लेकिन जीएनएम नर्सिंग हॉस्टल में जीएनएम ही नहीं बीएससी नर्सिंग स्टूडेंट्स भी फ्री रह रहे हैं। जीएनएम नर्सिंग हॉस्टल में मिलीभगत से 480 में से 99 स्टूडेंट्स ने मुफ्त में ठिकाना बनाया है और सरकार को हॉस्टल फीस व बिजली-पानी के खर्चे की चपत लगाई जा रही है। जिनसे न किराए की वसूली हो रही है और न ही बिजली-पानी के बिल का चार्ज लिया जा रहा है और सरकार को लाखों की चपत लग रही है। बाकी ज्यादातर बाहर 2 से 3 हजार रुपए में किराए पर रहने के लिए मजबूर हैं। क्योंकि, जीएनएम नर्सिंग व बीएससी नर्सिंग कॉलेज में वर्तमान में 480 स्टूडेंट्स हैं, जिनमें बीएससी नर्सिंग की 4 वर्षीय डिग्री के 5 बेच के 300 और जीएनएम की तीन वर्षीय ट्रेनिंग के तीन बेच के 180 स्टूडेंट्स पढ़ाई कर रहे हैं। प्रत्येक बेच 60-60 स्टूडेंट्स का है और इनके अलावा जीएनएम का एक बेच 60 स्टूडेंट्स का इंटर्नशिप कर रहा है। ऐसी स्थिति में हॉस्टल में रूम लेने के लिए मारा मारी है, लेकिन कॉलेज के प्रिंसीपल दयाल जीत मीणा का कहना है कि पहले आओ, पहले पाओ के हिसाब से ही रूम फ्री में दिए गए हैं और गाइड लाइन नहीं मिलने की वजह किसी से कोई शुल्क नहीं लिया जा रहा है। यहां बॉयज व गर्ल्स के कुल दो हॉस्टल हैं और दोनों के सुपर वार्डन नर्सिंग ट्यूटर केदार सिंह है, जबकि गर्ल्स की नर्सिंग ट्यूटर नीलम बंसल व बॉयज के नर्सिंग ट्यूटर सत्यप्रकाश खंगार को वार्डन प्रभारी लगाया गया है और यहां गार्ड भी तैनात हैं। ^जीएनएम ट्रेनिंग सेंटर के प्रिंसीपल से पूछा जाएगा कि जीएनएम हॉस्टल की िबल्डिंग में जीएनएम व बीएससी नर्सिंग स्टूडेंट्स बिना हॉस्टल फीस जमा कराए किन आदेशों के तहत रह रहे हैं। जबकि बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई मेडिकल कॉलेज के अधीन संचालित हो रही है। ऐसे में स्टूडेंट्स से निर्धारित हॉस्टल फीस क्यों नहीं ली जा रही है। डॉ. नगेंद्र सिंह भदौरिया चिकित्सा अधीक्षक, आरबीएम अस्पताल बीएससी नर्सिंग की 15 हजार रुपए निर्धारित है हॉस्टल फीस:- जीएनएम ट्रेनिंग स्टूडेंट्स के लिए हॉस्टल का लोकार्पण 17 अगस्त 2016 को हुआ था। इसमें जीएनएम के साथ बीएससी नर्सिंग स्टूडेंट्स फ्री रह रहे हैं, जबकि 15 हजार रुपए सालाना हॉस्टल फीस राजमेस ने 25 जुलाई 2025 को बैठक में निर्णय लेकर निर्धारित की है और उपलब्ध सुविधाओं के अतिरिक्त विशेष सुविधा कूलर का उपयोग करने पर 1000 रुपए प्रति माह शुल्क वसूला करना तय किया है। हॉस्टल में जीएनएम से ज्यादा बीएससी नर्सिंग के ही स्टूडेंट्स:- वर्ग बीएससी जीएनएम महिला 32 15 पुरुष- 42 10 कुल- 74 25 हॉस्टल में गर्मी में कूलर-पंखे और सर्दी में हीटर चल रहे हैं, बिल सरकार के सिर है। आरबीएम अस्पताल बिजली व पानी के बिल का भुगतान कर रहा है। स्टूडेंट्स रूम का फायदा तो ले ही रहे हैं, साथ ही बिजली-पानी के बिल और आरओ मेंटीनेंस का खर्चा नहीं उठाना पड़ रहा है। हॉस्टल में बिना टेंडर के प्राइवेट मेस संचालित, स्टूडेंट्स खुद चला रहे:- हॉस्टल में बिना टेंडर के प्राइवेट मेस संचालित है। कॉलेज प्रशासन का कहना है कि इसे स्टूडेंट्स खुद चला रहे हैं, उससे कॉलेज का कोई लेना-देना नहीं है। मेस खर्चा को स्टूडेंट्स वहन कर रहे हैं।


