धार पुलिस ने नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में फरार चल रहे आरोपी सचिन सोलंकी (23) को गुरुवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी शांतिलाल सोलंकी का बेटा है और बीते चार दिनों से पुलिस की पकड़ से बाहर था। आज मनावर बस स्टैंड से आरोपी को दबोच लिया गया। दरअसल, आरोपी के मनावर आने की सूचना पुलिस को मिली थी। पुलिस बस स्टैंड पहुंची, जहां पर चार घंटे तक चाय की दुकान पर जवान बैठकर आरोपी का इंतजार करते रहे। आरोपी जैसे ही बस स्टैंड क्षेत्र पहुंचा तुरंत ही उसे दबोच लिया। किराए के कमरे में रहती है किशोरी
घटना 27 सितंबर की देर शाम कोतवाली थाना क्षेत्र में हुई थी। नाबालिग लड़की किराए के कमरे में पढ़ाई कर रही थी और उस समय अकेली थी। तभी आरोपी सचिन सोलंकी वहां पहुंचा और चाबी मांगने का बहाना बनाकर दरवाजा खुलवाया। अंदर जाते ही उसने पीड़िता का मुंह दबाकर जान से मारने की धमकी दी और उसके साथ रेप किया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। लड़की ने अपनी बहन को पूरी बात बताई, जिसके बाद परिजन रात करीब साढ़े बारह बजे थाने पहुंचे। उस समय पीड़िता आरोपी का नाम और पता नहीं बता सकी। पुलिस ने इलाके के सीसीटीवी कैमरे खंगाले, जिनमें एक युवक बाइक पर नजर आया। जब फुटेज पीड़िता को दिखाई गई, तो उसने आरोपी की पहचान कर ली। पुलिस ने आरोपी की तलाश के लिए टीम गठित की और लगातार 90 घंटे तक सर्चिंग की। जानकारी मिली कि आरोपी मनावर में बस से आने वाला है। पुलिसकर्मी बस स्टैंड पर घंटों तक निगरानी करते रहे और जैसे ही सचिन वहां पहुंचा, उसे गिरफ्तार कर लिया गया। युवतियों से दोस्ती कर बहकाने की कोशिश करता
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी ने पीड़िता को बाजार में देखकर पीछा करना शुरू किया था। उसने कॉलोनी के बाहर पीड़िता की चप्पल देखकर कमरे का पता लगाया और फिर वारदात की योजना बनाई। आरोपी पहले भी युवतियों से दोस्ती कर उन्हें बहकाने की कोशिश करता था। थाना प्रभारी समीर पाटीदार ने बताया कि नाबालिग से रेप की पुष्टि हुई है। सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों के आधार पर आरोपी की पहचान कर गिरफ्तारी की गई है। आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।


