विक्की कुमार | अमृतसर जिले में भाजपा के नेतृत्व में इसी महीने बदलाव देखने को मिल सकता है। बीते 5 महीनों से अटकी जिला शहरी प्रधान नियुक्ति पर अब अंतिम मुहर लगने के आसार हैं। पार्टी सूत्रों के अनुसार जल्द ही नए प्रधान की घोषणा होगी। यह नियुक्ति सिर्फ संगठनात्मक फैसला नहीं, बल्कि इसके पीछे वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव भी हैं। पंजाब भाजपा नेतृत्व बीते कुछ महीनों से जिले की राजनीतिक नब्ज टटोलने में जुटा हुआ है। शहर के पांचों विधानसभा हलकों, सामाजिक समीकरणों और वोट बैंक को साधने के लिए कई नामों पर मंथन किया गया। इस बार फिर सिख चेहरे के प्रधान बनने की संभावनाएं ज्यादा हैं। अगर पुराने चेहरे की जगह नए चेहरे को जगह दी गई तो हलका उत्तरी के इंचार्ज सुखमिंदर सिंह पिंटू की लॉटरी लग सकती है। मगर इसके लिए उन्हें वर्तमान जिला प्रधान हरविंदर सिंह संधू से मजबूत दिखना होगा। दोनों नेताओं की संगठन में मजबूत पड़ है। लंबे समय से पार्टी गतिविधियों में सक्रिय हैं। पार्टी ने हिंदू चेहरे की ओर रुख किया तो प्रदेश कार्यकारिणी मेंबर मानव तनेजा, जिला महासचिव सलील कपूर, मनीष शर्मा और पूर्व पार्षद रजिंदर कुमार पप्पू महाजन में टक्कर रहेगी। प्रदेश नेतृत्व इन नेताओं के नाम हाईकमान को भेज चुका है। हिंदू चेहरे पर दांव खेलने की वजह यह बताई जा रही है कि देहाती क्षेत्रों में भाजपा पहले ही दो सिख चेहरों को जिला प्रधान की जिम्मेदारी सौंप चुकी है। ऐसे में शहरी क्षेत्र के लिए हिंदू चेहरे को आगे लाकर संतुलन की रणनीति पर अपनाई जा सकती है। इससे पार्टी को शहरी हिंदू वोट बैंक को साधने में मदद मिल सकती है, जो पिछले कुछ चुनावों में बिखरा नजर आया है। राजनीतिक माहिरों का मानना है कि पार्टी संगठन मजबूत रखने के साथ ही पांचों हलकों में सक्रियता बढ़ाकर आम आदमी पार्टी और कांग्रेस पार्टी को कड़ी पटखनी देने वाले नेता को प्राथमिकता देगी। नाम दिल्ली भेजे जाने के बाद भी दावेदार दिल्ली और चंडीगढ़ में संपर्क साध रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक 31 दिसंबर 2025 को नए प्रधान की नियुक्ति का प्लान था, लेकिन किसी कारण यह टल गया। बता दें कि अगस्त माह में जिले के नेताओं से राय लेने के लिए भाजपा पंजाब के उप प्रधान सुरजीत कुमार ज्याणी और जिला इंचार्ज केडी भंडारी पहुंचे थे। कोर कमेटी की इस बैठक में तीन-तीन नेताओं के नाम जिला प्रधानगी के लिए मांगे गए थे।


