भास्कर संवाददाता | अकोदिया ग्राम तिंगजपुर के सरस्वती शिशु विद्या मंदिर स्कूल में शनिवार को सप्तशक्ति संगम कार्यक्रम हुआ। मुख्य वक्ता कविता नागर ने कहा, भारतीय नारी संपूर्ण चेतना की प्रतीक है। वह परिवार की नींव, समाज की प्रेरणा और राष्ट्र की आत्मा है। नारी सदियों से मानवता और प्रकृति की जिम्मेदारी निभा रही है। कविता नागर ने पर्यावरण बचाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा, जन्मदिन और शादी की सालगिरह पर एक पेड़ जरूर लगाएं। पानी और बिजली की बचत करें। ये छोटे कदम पर्यावरण के लिए बड़े योगदान बन सकते हैं। उन्होंने बच्चों को अच्छे संस्कार देने पर जोर दिया। अभिभावकों से कहा, बच्चों को मोबाइल और टीवी से दूर रखें। उन्हें महाभारत, गीता, रामचरितमानस और महापुरुषों की जानकारी दें। बेटियों की गतिविधियों, मोबाइल उपयोग और पहनावे पर ध्यान देने की सलाह दी। वीरांगनाओं के जीवन और परिधानों का परिचय दिया कार्यक्रम में रानी लक्ष्मीबाई, अहिल्या बाई, झलकारी बाई, मीराबाई और पद्मावती जैसी वीरांगनाओं के जीवन और परिधानों का परिचय दिया गया। विद्यालय की दीदी कांता मेवाड़ा ने अतिथियों का स्वागत और परिचय कराया, जबकि मीनाक्षी राठौर ने कार्यक्रम का संचालन किया। इस अवसर पर विद्यालय के संयोजक दिनेश त्रिवेदी, पूर्व संयोजक जगदीश चंद्र दुबे, प्रधानाचार्य अश्विनी त्रिवेदी, लेखापाल भगवान सिंह चौहान और समस्त आचार्य परिवार उपस्थित रहा।


