नीमच जिले में जावद जनपद पंचायत सीईओ आकाश धार्वे (32) के अपहरण मामले में तहसीलदार जगदीश रंधावा, पांच पटवारी समेत 12 आरोपियों को आरोपी बनाया गया है। पुलिस ने सभी आरोपियों को शुक्रवार को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। इधर, दैनिक भास्कर से बातचीत में धार्वे ने बताया कि अपहरण के दौरान रास्तेभर उनके साथ मारपीट और धमकियां दी गईं। आरोपी स्कॉर्पियो में ले जा रहे थे और बार-बार कह रहे थे, ‘अब तुझे निपटाते हैं।’ धार्वे के अनुसार, बेटमा तहसीलदार ने कहा कि या तो उनकी बहन से शादी करें या मामला खत्म करने के लिए 1 करोड़ दें। दरअसल, बेटमा के तहसीलदार व 5 पटवारियों ने मिलकर जावद जनपद सीईओ आकाश धार्वे का अपहरण कर लिया था। तहसीलदार जगदीश रंधावा की मौसेरी बहन का पहले धार्वे से प्रेम संबंध था। बाद में दोनों अलग हो गए। 2023 में युवती ने दोबारा संपर्क किया, लेकिन धार्वे ने इनकार कर दिया। तब युवती के परिवार ने गांव में पंचायत बुलाई। इसमें धार्वे को युवती के साथ रहने का फैसला सुनाया। धार्वे और उसका परिवार इसके लिए तैयार नहीं थे। इससे विवाद बढ़ गया। बुधवार रात को आरोपियों ने धार्वे का अपहरण कर लिया।


