देश के सबसे महत्वपूर्ण एनसीआर टूरिस्ट सर्किट में शामिल राजस्थान पर्यटन में घरेलू पर्यटकों की संख्या बढ़ रही है। यहां रोड ट्रिप, कॉन्सर्ट टूरिज्म, वीकेंड गेटवे, धार्मिक और माइस इवेंट्स से प्रदेश के टूरिज्म में पहले वाली स्थिति फिर से बहाल हो रही है। आईफा और राइजिंग राजस्थान के जरिए पर्यटन को इंटरनेशनल स्तर पर नए सिरे से पहचान मिली है। दिसंबर 2025 में जयपुर के प्रमुख मॉन्यूमेंट्स में 12,17,672 सैलानी पहुंचे। उदयपुर के प्रमुख महल किलों में दिसम्बर 2025 में 2 लाख 80 हजार पर्यटक पहुंचे। गणतंत्र दिवस की वजह से अगले 2 दिनों में जयपुर के प्रमुख मॉन्यूमेंट्स में करीब 40 हजार सैलानियों के आने की संभावना है। अगर बात करें आंकड़ों की तो 2024 में 23.01 करोड़ घरेलू और 20.72 लाख विदेशी पर्यटक राजस्थान पहुंचे। राष्ट्रीय हिस्सेदारी के लिहाज से राजस्थान की भागीदारी घरेलू पर्यटन में 7.8 और विदेशी पर्यटकों में 9.9 प्रतिशत रही। प्रदेश में आ रहे सैलानियों को महाराणा प्रताप टूरिस्ट सर्किट के रूप में नई सौगात मिलेगी। प्रमुख स्थान जैसे चित्तौड़गढ़, हल्दीघाटी, चावंड, गोगुन्दा, दिवेर में नए अट्रक्शन मिलेंगे। इन सभी परियोजनाओं को दो वर्ष में पूरा करने का लक्ष्य है। महाराणा प्रताप टूरिस्ट सर्किट का होगा विकास, हल्दीघाटी से चावंड तक दिखेगा शौर्य आमेर व जलमहल को करेंगे विकसित, नाइट बाजार लगेंगे आमेर व जलमहल पर काम होंगे। जलमहल के नजदीक राजस्थान हाट में क्राफ्ट, कुजिन, सेलिब्रेशन और नाइट बाजार लगेगा। एआई की मदद से फसाड पर लाइटिंग लगाई जाएगी। सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट के लिए लेटेस्ट मशीनें स्थापित होंगी। एंट्री टिकट से होगी। थीम-बेस्ड फेस्टिवल होंगे, क्राफ्ट ट्रेल्स से स्थानीय कलाकारों का पलायन रुकेगा राजस्थान एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स (राटो) के प्रेसिडेंट महेंद्र सिंह राठौड़ बताते हैं, फेयर एंड फेस्टिवल सेगमेंट में राजस्थान पर्यटन विभाग की कई पहल प्रस्तावित हैं। जिसमें थीम-आधारित फेस्टिवल, फूड और क्राफ्ट ट्रेल्स जैसे कार्यक्रमों पर फोक्स किया जाएगा। इनमें स्थानीय कलाकारों पर तवज्जो दी जाएगी। इस वीकेंड पर बस सीट बुकिंग 49% बढ़ीगणतंत्र दिवस पर लंबे वीकेंड के चलते राजस्थान में अंतर-शहरी बस यात्राओं की मांग में तेज बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। रेडबस प्लेटफॉर्म के आंकड़ों के अनुसार गणतंत्र दिवस ट्रैवल विंडो के दौरान राज्य में सीट बुकिंग में करीब 49 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान है। यह बढ़ोतरी 23 से 26 जनवरी की अवधि की तुलना पिछले वर्ष 24 से 27 जनवरी के आंकड़ों से की गई है। दरअसल, लंबे वीकेंड के कारण लोग घूमने-फिरने या परिवार से मिलने की योजना बना रहे हैं। इसी को देखते हुए रेडबस ने 26 जनवरी तक ‘डिस्कवर इंडिया सेल’ शुरू की है, जिसमें बस किराया ~299 प्रति सीट से शुरू हो रहा है। बुकिंग के आधार पर जयपुर-दिल्ली, -गुरुग्राम, खाटूश्यामजी-दिल्ली, उदयपुर-अहमदाबाद, जयपुर-अहमदाबाद, जयपुर-इंदौर, जयपुर-उदयपुर और जयपुर-बीकानेर रूट पर ट्रैफिक ज्यादा रहने की संभावना है। कुल बुकिंग में से 85 प्रतिशत एसी बसों और 69% स्लीपर बसों के लिए हैं। वहीं 70% यात्री पुरुष और 30% महिला हैं। आंकड़े बताते हैं कि टियर-1 शहरों के साथ-साथ छोटे कस्बों से भी यात्रा मांग मजबूत बनी हुई है। इस वीकेंड पर बस सीट बुकिंग 49% बढ़ी गणतंत्र दिवस पर लंबे वीकेंड के चलते राजस्थान में अंतर-शहरी बस यात्राओं की मांग में तेज बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। रेडबस प्लेटफॉर्म के आंकड़ों के अनुसार गणतंत्र दिवस ट्रैवल विंडो के दौरान राज्य में सीट बुकिंग में करीब 49 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान है। यह बढ़ोतरी 23 से 26 जनवरी की अवधि की तुलना पिछले वर्ष 24 से 27 जनवरी के आंकड़ों से की गई है। दरअसल, लंबे वीकेंड के कारण लोग घूमने-फिरने या परिवार से मिलने की योजना बना रहे हैं। इसी को देखते हुए रेडबस ने 26 जनवरी तक ‘डिस्कवर इंडिया सेल’ शुरू की है, जिसमें बस किराया 299 रुपए प्रति सीट से शुरू हो रहा है। बुकिंग के आधार पर जयपुर-दिल्ली, -गुरुग्राम, खाटूश्यामजी-दिल्ली, उदयपुर-अहमदाबाद, जयपुर-अहमदाबाद, जयपुर-इंदौर, जयपुर-उदयपुर और जयपुर-बीकानेर रूट पर ट्रैफिक ज्यादा रहने की संभावना है। कुल बुकिंग में से 85 प्रतिशत एसी बसों और 69% स्लीपर बसों के लिए हैं। वहीं 70% यात्री पुरुष और 30% महिला हैं। आंकड़े बताते हैं कि टियर-1 शहरों के साथ-साथ छोटे कस्बों से भी यात्रा मांग मजबूत बनी हुई है। “राजस्थान में पर्यटन को नई दिशा देने के लिए सरकार ने हेरिटेज, टेक्नोलॉजी और अनुभव आधारित ठोस पहल की हैं। महाराणा प्रताप टूरिस्ट सर्किट, लाइट-एंड-साउंड शो, नाइट बाजार कारण घरेलू और अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों में वृद्धि हुई है। आंकड़े स्पष्ट करते हैं कि राजस्थान पर्यटन विकास के मॉडल को सराहना मिल रही है।” – दिया कुमारी, उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री, राजस्थान


