पलामू में एक दारोगा को अपने सीनियर अधिकारी पर दबंगई दिखाना भारी पड़ गया। घटना के 24 घंटे में थानेदार सस्पेंड हो गए। बालू माफिया से सांठ-गांठ का आरोप भी रेहला थाना प्रभारी संतोष कुमार पर लगा है। मेदिनीनगर टाउन थाना के सब इंस्पेक्टर गुलशन बिरुआ को रेहला का नया थाना प्रभारी नियुक्त किया गया है। थानेदार संतोष ने अवैध रूप से बालू उठाते ट्रैक्टर के पकड़े जाने पर इलाके के एसडीपीओ को थाना में घुसने ही नहीं दिया। इतना ही नहीं जब्त ट्रैक्टर को थाना में लगाने से रोकने के लिए थाना के गेट में ताला लगवा दिया। बिश्रामपुर एसडीपीओ आलोक कुमार टूटी ने बुधवार की रात रेहला थाना क्षेत्र में अवैध बालू परिवहन करते एक ट्रैक्टर को पकड़ा। वे ट्रैक्टर को लेकर रेहला थाना पहुंचे। थाने का मुख्य गेट बंद मिला। एसडीपीओ ने थाना प्रभारी को कॉल किया। एसडीपीओ आलोक टूटी ने फोन पर थाना प्रभारी को बताया कि वे बालू लदा ट्रैक्टर जब्त कर थाना लेकर आ रहे हैं। थानेदार के आदेश पर गेट में ताला लगा दिया गया इस पर थाना प्रभारी ने एसडीपीओ को ट्रैक्टर विश्रामपुर थाना लेकर जाने के लिए कह दिया। इसके बाद उसने एसडीपीओ का फोन भी नहीं उठाया। थानेदार के आदेश पर गेट में ताला लगा दिया गया। ताकि बालू लदा अवैध ट्रैक्टर को जब्त नहीं किया जा सके। इसके बाद एसडीपीओ ने इस घटना की रिपोर्ट एसपी को सौंपी। एसपी ने तत्काल कार्रवाई करते हुए थाना प्रभारी को निलंबित कर दिया।


