ईसाई समुदाय के लोग रविवार को येसु मसीह के यरूशलेम में प्रवेश के समय हुई घटना को याद करते हुए पाम संडे की आराधना में शामिल हुए। सभी ने खजूर की डालियों के साथ अपने मसीहा का स्वागत किया। संत मरिया महागिरजाघर के हजारों कैथोलिक विश्वासी खजूर की डाली लिए लोयोला ग्राउंड में जमा हुए। महाधर्मप्रांत के महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आइंद ने खजूर की डालियों की आशीष की। बाइबल से पाठ पढ़े गए। महाधर्माध्यक्ष ने अपने संदेश में आर्चबिशप ने येसु के यरूशलेम में प्रवेश के पहले हवा और खजूर के पेड़ बीच हुई बातचीत का जिक्र किया। बताया जब पहाड़ी पर उगे खजूर के पेड़ को गांव वालों की बातचीत से पता चलता है कि येसु यहां से गुजरने वाले तब वह हवा से कहता है कि काश मैं भी उस दिन वहां जा पाता जहां से राजा गुजरेंगे। तब हवा ने कहा कि तुम चाहो तो वहां हो सकते हो। और ऐसा ही हुआ, कुछ लोग पहाड़ी पर आए और कई डालियों के साथ उस डाली को भी काटकर ले गए और जहां से राजा गुजरते वहां बिछा दिया। उसके ऊपर से येसु गधे पर सवार होकर पार हो गए। जिस तरह खजूर की उस डाल ने येसु का स्वागत किया हमें भी ऐसे ही उनका स्वागत करना चाहिए। प्रभु येसु का जय जयकार करते हुए शोभायात्रा की शक्ल में संत मरिया गिरजाघर परिसर पहुंचे, जहां मिस्सा बलिदान अर्पित किया गया। मौके पर पल्ली पुरोहित फादर आनंद डेविड खलखो, फादर प्रफुल टोप्पो, फादर रेमंड केरकेट्टा, फादर जॉर्ज मिंज, फादर एजेकियल टोप्पो समेत सैकड़ों विश्वासी थे।


