छत्तीसगढ़ के धमतरी में एक सैप्टिक टैंक से मिले मानव कंकाल के मामले में पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने मामले में तीन दिन के भीतर खुलासा करते हुए मृतक के सौतेले पिता को गिरफ्तार कर लिया है। जांच में पता चला कि यह कंकाल एक आरोपी के सौतेले बेटे का है, जिसकी हत्या उसके पिता ने 7 साल पहले की थी। जानिए क्या है पूरा मामला यह मामला अर्जुनी थाना क्षेत्र के ग्राम भोयना का है। जमीन के नाप-जोख के दौरान बंद गोदाम के सैप्टिक टैंक से मानव कंकाल की खोपड़ी दिखाई दी। गांव के कोटवार ने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। जब सैप्टिक टैंक की करीब 4 फीट खुदाई की गई, तो वहां से मानव कंकाल की एक-एक हड्डियां बरामद हुईं। साथ ही घटनास्थल से डॉट पेन, सीरीज इंजेक्शन, प्लास्टिक बटन, अंडरवियर का रबर, सीमेंट पोल, नायलॉन की रस्सी और साइकिल की ट्यूब भी मिली। बेटे के गुमशुदगी नहीं दर्ज कराई रिपोर्ट इसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस ने गांव के लोगों से किसी के लापता होने को लेकर पूछताछ की तो पता चला कि राममिलन गोड़ का 23 वर्षीय लड़का नंदू सोनी पिछले सात साल से गायब है। पुलिस ने थाने में पता लगाया कि इस गांव के नंदू सोनी नाम के युवक की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज हुई है। जांच में पता चला कि कोई गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई है। इस पर पुलिस को राममिलन पर शक हुआ और तुरंत उसको पूछताछ के लिए बुलाया। पूछताछ में आरोपी ने जुर्म कबूल कर लिया। हत्या के बाद शव को छुपाया
पुलिस के मुताबिक, आरोपी राममिलन गोंड़ ने अपने सौतेले बेटे नंदू सोनी की हत्या वर्ष 2017 के आसपास क्वार नवरात्रि के दौरान की थी। उस रात घर में केवल राममिलन मौजूद था, जबकि उसकी पत्नी माया ध्रुव और बेटियां पायल और गायत्री पास के घरों में गई थीं। रात करीब 10-11 बजे नंदू घर पहुंचा और खाने को लेकर उसकी सौतेले पिता से कहासुनी शुरू हो गई। झगड़े के दौरान राममिलन ने नंदू का गला पकड़कर उसका सिर दीवार पर दे मारा, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। सुबह लगभग 4 बजे राममिलन ने बेटे के शव को अकेले ही कंधे पर उठाया और खींचते हुए घर से कुछ दूरी पर स्थित गोदाम में ले गया। वहां उसने शव को सीमेंट पोल से नायलॉन रस्सी और साइकिल की ट्यूब की मदद से बांधा और सैप्टिक टैंक में फेंक दिया। हत्या के बाद आरोपी ने कभी पुलिस में बेटे की गुमशुदगी की रिपोर्ट भी नहीं दर्ज करवाई। ऐसे हुआ खुलासा
सात साल बाद जब गोदाम में जमीन का नाप-जोख चल रहा था, तभी सैप्टिक टैंक के ऊपर से मानव खोपड़ी दिखाई दी। सूचना पर पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने सैप्टिक टैंक की लगभग 4 फीट खुदाई की, जिसमें कंकाल के एक-एक अवशेष बरामद किए गए। मौके से डॉट पेन, सीरीज इंजेक्शन, प्लास्टिक बटन, अंडरवियर की इलास्टिक, सीमेंट का पोल, नायलॉन रस्सी और साइकिल ट्यूब भी बरामद किए गए। बिना फॉरेंसिक रिपोर्ट के हुआ खुलासा
फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट अभी नहीं आई है, लेकिन पुलिस ने जांच के आधार पर आरोपी की पहचान करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया है। राममिलन गोंड़ को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। इस मामले में पुलिस की तत्परता और गंभीरता से गांव में काफी चर्चा है।


