रांची रांची में दुर्गोत्सव के दौरान दर्शनार्थियों को साफ-स्वच्छ खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन ने ठोस रणनीति बनाई है। दुर्गा पूजा से लेकर दीपावली तक रोजाना खाद्य सामग्री की जांच के लिए अभियान चलेगा। इसके लिए खाद्य सुरक्षा अधिकारी के नेतृत्व में अलग टीम बनाई गई है। डीसी मंजूनाथ भजंत्री ने टीम को होटल, रेस्टोरेंट सहित स्ट्रीट फूड की भी जांच करने का निर्देश दिया है। प्रशासन ने मिलावट रोकने के लिए गाइडलाइन जारी की है। जांच में किसी खाद्य सामग्री में केमिकल या अन्य मिलावट मिलती है, तो संबंधित दुकानदार पर जुर्माना लगाने के साथ जेल भेजने की कार्रवाई होगी। डीसी ने पूजा पंडालों और आसपास लगे खाद्य सामग्री के स्टॉल के नमूने की जांच करने का निर्देश दिया है, ताकि किसी भी हाल में मिलावटी खाद्य सामग्री लोग नहीं खा सके। सड़क पर खाद्य सामग्री बेचने वाले ठेला-खोमचा वालों को भी लाइसेंस लेना होगा। रांची में हरेक वर्ष जब त्योहार शुरू होता है तभी मिलावट पर प्रशासन की नींद खुलती है। इसके बाद खाद्य सुरक्षा टीम शांत होकर बैठ जाती है। त्योहार के दौरान प्रशासन द्वारा जो सैंपल लिए जाते हैं, उसमें मिलावट मिलती है तो संबंधित दुकानदारों पर जुर्माना लगाकर छोड़ दिया जाता है। पिछले वर्ष भी करीब 38 होटल,रेस्टोरेंट पर जुर्माना लगाया गया। लेकिन मिलावटखोरों के खिलाफ कोई बड़ी कार्रवाई नहीं की गई। इसका नतीजा है कि अभी भी रांची में बिहार और बंगाल से मिलावटी पनीर, खोवा पहुंच रहा है। स्ट्रीट फूड स्टॉल पर मिलावटी पनीर ही खपाया जा रहा है।


