शाजापुर में बुधवार दोपहर करीब 12 बजे मध्य प्रदेश के पेंशनरों ने अपनी मांगों को लेकर एक ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन मुख्य सचिव, मध्य प्रदेश के नाम शाजापुर की एसडीएम मनीषा वास्कले को दिया गया। पेंशनरों ने केंद्रीय कर्मचारियों के समान महंगाई राहत (DR) दिए जाने की मांग की है। ज्ञापन में बताया गया कि वर्तमान में प्रदेश के सेवानिवृत्त पेंशनरों को 55 प्रतिशत महंगाई राहत मिल रही है। हाल ही में स्वीकृत 2 प्रतिशत राहत भी आठ माह की देरी से दी गई, जिससे पेंशनरों का आर्थिक शोषण हो रहा है। पेंशनरों ने आरोप लगाया कि जुलाई 2019 से मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में पेंशनरों के साथ असमान व्यवहार किया जा रहा है। उनका कहना है कि अन्य राज्यों में केंद्र के समान महंगाई राहत प्रदान की जा रही है। उन्होंने 1 जुलाई 2019 से जून 2025 तक की लंबित महंगाई राहत राशि का भुगतान करने की मांग की। इसके साथ ही, जुलाई 2025 से 3 प्रतिशत की वृद्धि कर कुल 58 प्रतिशत महंगाई राहत स्वीकृत करने की भी अपील की गई। पेंशनरों ने यह भी मांग रखी कि विद्युत मंडल के पेंशनरों को भी राज्य पेंशनरों की तरह जिला पेंशन कार्यालय के माध्यम से पेंशन का भुगतान किया जाए। प्रतिनिधिमंडल ने अपनी समस्याओं के निराकरण के लिए चर्चा हेतु समय देने का आग्रह भी किया।


