प्रधानमंत्री आवास में अब देरी नहीं चलेगी:कलेक्टर करेंगे मॉनिटरिंग, हर दिन 20 लाभार्थियों से करेंगे बात, जीओ टैग की समस्या भी होगी दूर

बांसवाड़ा में पीएम आवास निर्माण में अब ढिलाई नहीं चलेगी। आवास मंजूरी के बाद पैसा नहीं आया, जीओ टैग नहीं हो रहा है…ऐसी तमाम समस्याओं की मॉनिटरिंग अब जिला कलेक्टर खुद करेंगे। जरूरत पड़ने पर कलेक्टर लाभार्थियों से बात करेंगे व समस्या की जड़ तक जाकर समाधान करेंगे। कर्मचारी स्तर पर ढिलाई या गड़बड़ी मिलने पर कार्रवाई होगी। पीएम आवास योजना में स्वीकृत घर बनाने पर केंद्र सरकार लाभार्थी को राशि देती है। किश्त जिओ टैगिंग के बाद ही मिलती है। जिओ टैग के अभाव में राशि अटक जाती है। इस कारण घर बनाने वाले टैगिंग के अभाव में राशि नहीं उठा पाते हैं। इसकी जानकारी कलक्टर को हुई कि जियो टैग सबसे ज्यादा समस्याओं की जड़ है तो उन्होंने स्वयं मॉनिटरिंग करने का निर्णय लिया। गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने आदिवासी बांसवाड़ा जिले में 37 हजार से अधिक पीएम आवास स्वीकृत किए हैं। ऐसे होगी मॉनिटरिंग कलक्टर ने जिला परिषद सीईओ के साथ मिलकर पूरी योजना तय की है। इस टीम में कलक्टर, सीईओ के साथ ही 3 अन्य कार्मिक हैं। यह टीम हर दिन अपने के काम के अलावा पीएम आवास योजना के लाभार्थियों से बात करेगी। लाभार्थियों को किस प्रकार की दिक्कत आ रही है तो हाथों हाथ समाधान किया जाएगा। हर दिन में 20 लाभार्थियों से करेंगे बात कलेक्टर डॉ. इंद्रजीत सिंह यादव ने बताया- पीएम आवास योजना में आने वाली जीयो टैग और अन्य समस्या के समाधान के लिए सीधे संवाद का सिस्टम तैयार किया है। जिनको आवास बनाने में दिक्कत आ रही है उनमें से 20 लोगों से बात की जाएगी। जरूरत हुई तो मैं बात करुंगा। इसका उद्देश्य तत्काल समाधान कराना है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *