2024-25 की कलेक्टर गाइडलाइन में प्रॉपर्टी के दामों में भारी बढ़ोतरी के बाद भोपाल के कई इलाकों में रजिस्ट्री के काम रुक गए थे। इससे परेशान लोगों ने हाई कोर्ट का रुख किया। कोर्ट के दखल के बाद भौंरी क्षेत्र की कलेक्टर गाइडलाइन में संशोधन करते हुए जमीन का सर्किल रेट 5.60 करोड़ से घटाकर 3.60करोड़ रुपए प्रति हेक्टेयर कर दिया गया है। भोपाल के अधिवक्ता पारस पंजवानी ने एक कृषक की ओर से जबलपुर हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। याचिका में कहा गया कि फरवरी 2025 में जारी अधिसूचना पर आपत्तियां और सुझाव दिए गए, लेकिन उन पर कोई विचार नहीं हुआ। कोर्ट ने 1 जुलाई 2025 को आईजी पंजीयन और जिला पंजीयक को 90 दिन में आपत्तियों पर निर्णय लेने के निर्देश दिए थे। इसके बाद गाइडलाइन में संशोधन किया गया। आरोप – अफसर बिना सर्वे किए मनमाने दाम बढ़ा रहे:
जिलों में प्रॉपर्टी के दाम तय करने की जिम्मेदारी सरकार ने अफसरों के हवाले कर रखी है। हाईकोर्ट जाने वाले लोगों का कहना है कि अफसर बिना ठीक से सर्वे किए मनमाने तरीके से प्रॉपर्टी के दाम बढ़ाते जा रहे हैं। इससे आम लोगों के लिए प्रॉपर्टी खरीदना मुश्किल हो रहा है। शहर के चारों दिशाओं में पिछले कई सालों में बड़े बदलाव दिखाई दे रहे हैं। भौंरी में नॉलेज सिटी, असर यह भी- किसानों को कम मुआवजा मिलेगा
भौंरी में सरकार नॉलेज सिटी विकसित करने की योजना बना रही है। इसके लिए सैकड़ों एकड़ जमीन चाहिए। जमीन के सर्किल रेट घटने से निजी जमीनों का अधिग्रहण सस्ता होगा और मुआवजा कम मिलेगा। हालांकि, इससे नुकसान सीधे किसानों को ही उठाना पड़ेगा। अब कीमत घटने से नुकसान किसानों पर ही पड़ेगा।


