फाजिल्का जिले के गन्ना उत्पादकों ने पंज कोसी गांव में विधायक संदीप जाखड़ से मुलाकात कर अपनी समस्या रखी। किसानों ने बताया कि बोदीवाला पिथा स्थित सहकारी गन्ना मिल ने इस बार 11.99 लाख क्विंटल गन्ने की खरीद की। सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम मूल्य के अनुसार गन्ने की कीमत 48.06 करोड़ रुपए बनती है, लेकिन अभी तक 16.77 करोड़ रुपए का ही भुगतान किया है। किसानों को अभी भी 30.83 करोड़ रुपए का भुगतान मिलना बाकी है। किसानों ने विधायक को दिखाए प्रमाण वहीं विधायक संदीप जाखड़ ने बताया कि यह मिल फसल विविधीकरण के लिए स्थापित की गई थी। वर्ष 2013-14 में किसानों ने 3 हजार 324 हेक्टेयर में गन्ने की खेती की। उस साल मिल ने 12.79 लाख क्विंटल गन्ने की पेराई की। अगले वर्ष गन्ने का रकबा बढ़कर 3,452 हेक्टेयर हो गया और 13.39 लाख क्विंटल गन्ने की पेराई की गई। किसान मिल के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन उन्हें इंतजार करने को कहा जा रहा है। किसानों ने विधायक को प्रमाण भी दिखाए। गन्ना उत्पादकों में निराशा व्याप्त उन्होंने कहा कि किसानों की उम्मीदों पर पानी फेरे जाने के कारण इस वर्ष गन्ने का रकबा 1505 हैक्टेयर रह गया और पिराई 11 लाख 99 हजार 122 क्विंटल हुई, लेकिन सरकारी खरीद के बदले में 4806 लाख रुपए में से 1729 लाख रूपए का ही भुगतान किया गया है। इससे गन्ना उत्पादकों में निराशा व्याप्त है। ऐसी स्थिति में गन्ना उत्पादन का रकबा और भी कम हो सकता है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान को तुरंत किसानों की समस्या पर ध्यान देते हुए बकाया राशि के भुगतान का प्रबंध करना चाहिए।


