उदयपुर की सवीना थाना पुलिस ने फ्लिपकार्ट से कई तरह के सरकारी अफसरों की फर्जी मुहर भेजने वाले शातिर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी शोभित वर्मा को उत्तर प्रदेश के सीतापुर से गिरफ्तार किया है। थानाधिकारी अजयसिंह राव ने बताया कि आरोपी ने अपनी पत्नी मधु वर्मा के नाम से मधु इंटरप्राइजेज नाम की फर्म बनाई हुई थी। जिसका जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराकर आॅनलाइन बिजनेस प्लेटफार्म अमेजन व फ्लिपकार्ट पर लेडिज कपड़ों की आॅनलाइन सेलिंग करता था। साथ ही फर्जी मुहर भेजने का भी काम करता था। आरोपी के कब्जे से फर्जी मुहरें जब्त की गई। इसे बनाने के उपयोग में लिए जाने वाली प्रिंटिंग मशीन, मुहर मशीन, मुंहर माउंट और रबर आदि सामग्री भी जब्त की। भास्कर ने किया था मामले का खुलासा
26 दिसंबर 2024 को भास्कर ने इस मामले का खुलासा किया था। भास्कर टीम ने अमेजन-फ्लिपकार्ट पर मुहर के लिए बुकिग की थी। वाट्सऐप पर कंपनी ने संपर्क किया। मुहर की डिजाइन मतलब क्या लिखना है और कैसे लिखना है, के बारे में जानकारी मांगी। भास्कर ने अधिकारियों की मुहर का डिजाइन वैसा ही भेजा, जैसा असल में होता है। पांच दिन में यह मुहर डिलीवर कर दी गई। डिजिटल हस्ताक्षर के दौर में भी कई दस्तावेजों को प्रमाणित करने, मूलनिवास, जाति प्रमाण पत्र, वारिस प्रमाण पत्र, पट्टे आदि जैसे दस्तावेजों की तस्दीक मुहर से ही की जाती है।


