शहर में वर्षों पहले सड़कों के किनारे लगाए गए बिजली के ट्रांसफॉर्मर (डीपी) और पोल अब यातायात व्यवस्था के लिए बड़ी चुनौती बन गए हैं। सड़कों का चौड़ीकरण होने के बाद भी ये ढांचे अपनी पुरानी जगह पर खड़े हैं, जिससे कई प्रमुख मार्गों पर पोल और डीपी सड़क के बीच आ गए। इससे रोज जाम लगता है और हादसों का खतरा बढ़ गया है। सबसे अधिक परेशानी नए शहर के जोन-1 और पुराने शहर के जोन-3 क्षेत्रों में है। यहां करीब 200 स्थान ऐसे चिन्हित किए गए हैं, जहां बिजली के पोल और डीपी सीधे यातायात में बाधा बन रहे हैं। हाल ही में सांसद आलोक शर्मा के साथ हुई बैठक में इन्हें शिफ्ट करने की योजना पर चर्चा हुई। हालांकि बिजली कंपनी के पास बजट नहीं होने से काम अटका है। बैठक में सांसद ने भरोसा दिलाया कि वे भोपाल के प्रभारी मंत्री या विभागीय मंत्री से चर्चा कर बजट स्वीकृत कराने का प्रयास करेंगे। जोन-1 और पुराने शहर के जोन-3 क्षेत्रों में हादसों का खतरा बढ़ गया 1. वंदे मातरम् चौराहा से 10 नंबर मार्केट की ओर कम लंबाई की इस सड़क पर जगह-जगह बिजली के पोल और डीपी यातायात में बाधा बने हैं। विराट शोरूम के सामने डीपी, राग भोपाली के पास लेफ्ट टर्न पर पोल, गागर के पास लेफ्ट टर्न पर दो पोल और सामने तीन डीपी हैं। मनजीत कलेक्शन के सामने दो डीपी व एक पोल, बेक एंड शेक के पास पोल, नगर निगम पार्किंग निकास पर पोल तथा स्टार शाइन लेदर के पास डीपी और पोल खड़े हैं। 2. बंसल प्लाजा से गणेश मंदिर तक बंसल प्लाजा के सामने एक डीपी के अलावा गणेश मंदिर की ओर बढ़ने पर चार-चार पोल के चार झुंड और सात सिग्नल पोल मौजूद हैं। व्यस्त इलाके में ये सभी ट्रैफिक के लिए गंभीर समस्या बन चुके हैं। 3. 10 नंबर से नेशनल हॉस्पिटल की ओर मनोहर के सामने दो डीपी, अस्पताल की ओर लेफ्ट टर्न पर डीपी, आर्चीज के सामने पोल, मटका गली के सामने पोल, गणेश मंदिर की ओर लेफ्ट टर्न पर पोल और दाईं ओर डीपी, नखराली के सामने दो पोल, क्रोमा और बीइंग ह्यूमन के सामने डीपी, केपीएमपी चौपाटी के सामने चार पोल और एक डीपी, ब्लू स्टोन ज्वेलर्स के सामने तीन पोल और एक डीपी, वहीं नेशनल हॉस्पिटल तिराहे के पास लेफ्ट और राइट टर्न पर कई पोल यातायात को बाधित कर रहे हैं। पुलिस सर्वे में सामने आए हैं बाधक स्थान शहर की ट्रैफिक पुलिस ने अपने-अपने जोन में सर्वे कर ऐसे स्थानों की पहचान की है, जहां बिजली के पोल और डीपी सीधे सड़क यातायात में रुकावट पैदा कर रहे हैं। सर्वे के अनुसार चारों जोन में कुल 200 ऐसे स्थान चिन्हित किए गए हैं। कई जगह ये पोल लेफ्ट टर्न, चौराहों और संकरी सड़कों पर खड़े हैं, जिससे वाहन चालकों को न केवल परेशानी हो रही है बल्कि दुर्घटनाओं का खतरा भी लगातार बना हुआ है।


