बलरामपुर जिले के रामानुजगंज और राजपुर के बीच ग्राम पस्ता के राष्ट्रीय राज्यमार्ग- 343 पर बड़े-बड़े गड्ढों में बोल्डर और मोरम डालने के बावजूद समस्या बनी हुई है। आज जब वाहन इस रास्ते से गुजरे, तो 6 ट्रकों के टायर फट गए। इससे घंटों जाम की स्थिति बन गई। दिन भर में कई बार गाड़ियां फंसी और जाम की स्थिति बनी। फंसे हुए ट्रकों को गड्ढों से जेसीबी मशीन और हाइड्रा की मदद से निकाला गया। रामानुजगंज से अम्बिकापुर के बीच तीन खंडों में टू लेन सड़क का निर्माण किया जाना है। मरम्मत के लिए 10 करोड़ रुपए स्वीकृत इससे पहले सड़क को आवागमन योग्य बनाने के लिए 10 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए थे। इस राशि से सड़क की मरम्मत का कार्य चल रहा है। लेकिन ठेकेदार की ओर से मरम्मत के कार्य में घोर लापरवाही बरती जा रही है। बीते कई दिनों से बलरामपुर से राजपुर के बीच आवागमन प्रभावित हो रहा है। जिस तेजी से आवाजाही को दुरुस्त करने के लिए सड़क की मरम्मत होनी चाहिए थी, वैसे काम नहीं हो रहा है। इसका खामियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है। आए दिन फंस रही गाड़ियां सड़क की मरम्मत के नाम पर ठेकेदार सिर्फ लीपापोती कर रहा है। पस्ता के स्थानीय नागरिक अरुण गुप्ता ने कहा कि कई दिनों से जर्जर सड़क सभी के लिए परेशानी का सबब बनी है। पास्ता राष्ट्रीय राज्यमार्ग गड्ढों से भर गया है। प्रतिदिन गाड़ियां फंस रही हैं। इस मामले में पस्ता थाना प्रभारी विमलेश सिंह ने बताया कि एक सप्ताह से राष्ट्रीय राजमार्ग की स्थिति अत्यंत जर्जर हो गई है। कई बार स्थानीय स्तर पर जेसीबी की मदद से वाहनों को हटाकर आवाजाही को सुचारु किया जा रहा है।


