बांसवाड़ा में शनिवार को भारतीय किसान संघ की बैठक हुई। बैठक का आयोजन भचड़िया गांव में किया गया। इसमें किसानों ने लंबित बीमा क्लेम राशि, आपदा क्षति मुआवजा और खाद-बिजली से जुड़ी समस्याओं का भुगतान न होने पर शासन-प्रशासन के प्रति गहरा आक्रोश जताया गया। साथ ही तुरंत मांगों को पूरा करने की मांग रखी। बैठक में प्रांतीय, संभागीय और जिला स्तर के पदाधिकारियों ने किसानों का मार्गदर्शन किया। प्रांतीय उपाध्यक्ष रणछोड़ पाटीदार, संभागीय अध्यक्ष हरिसिंह, जिला अध्यक्ष खेमजी पाटीदार, अशोक पड़ियार और सतपालजी ने उपस्थित किसानों को जैविक कृषि के महत्व और लाभों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। ग्राम-तहसील इकाइयों को मजबूत बनाने का आह्वान इस दौरान तहसील व क्षेत्र के किसानों से भारतीय किसान संघ की ग्राम व तहसील इकाइयों को मजबूत बनाने का आह्वान किया गया, ताकि किसानों के हितों की रक्षा के लिए संघर्ष किया जा सके। किसानों ने एकमत से खाद की उपलब्धता, बिजली की आपूर्ति, आपदा क्षतिपूर्ति और बीमा क्लेम राशि के तत्काल भुगतान के लिए शासन-प्रशासन से मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो किसान संघ आंदोलन करने को बाध्य होगा। बैठक की अध्यक्षता छींच निवासी नाथजी चौहान ने की और मुख्य अतिथि गौतम परमार सियापुर रहे। बैठक में लालेंग पटेल, मोगा पटेल, भरतसिंह पटेल, नाहरसिंह पटेल, नारेंग पटेल, रणछोड़ पटेल और प्रवीण सिंह ने विशिष्ट अतिथि के रूप में भाग लिया। बैठक के आरम्भ में तहसील अध्यक्ष रणछोड़ द्वारा सभी अतिथियों का स्वागत किया गया। बैठक का संचालन जिलामंत्री अनारसिंह कोहाला ने किया और अमरेंग भचड़िया द्वारा आभार व्यक्त किया गया। इस अवसर पर डूंगर, पर्वतेंग, रूपजी, देवीलाल, कल्याण, कचरू, नारेग, लालसिंह, मोतीलाल, फतेहसिंह, गोतम, वालैंग, जगजी, हिरजी आदि कई किसानों ने अपने विचार रखे।


