बांसवाड़ा में नेशनल हाईवे-56 पर अवैध शराब तस्करी के खिलाफ सल्लोपाट थाना पुलिस ने दो बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने आलू की बोरियों और सूखी लकड़ियों की आड़ में ले जाई जा रही 605 पेटी अवैध शराब जब्त की। शराब की बाजार कीमत करीब 52 लाख रुपए आंकी गई है। पुलिस ने एक कंटेनर और एक ट्रक को जब्त कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। एक कार्रवाई बुधवार रात और दूसरी गुरुवार सुबह की गई। 20 दिन तक ‘वेश’ बदलकर रहे पुलिसकर्मी, तब मिली सफलता एसपी सुधीर जोशी के निर्देश पर थानाधिकारी नागेंद्र सिंह ने तस्करी रोकने के लिए विशेष जाल बिछाया था। पुलिस टीम के चार जवान जगपाल सिंह, बलदेव सिंह, पंकज कुमार और रविंद्र सिंह पिछले 20 दिनों से सादा वस्त्रों में हाईवे पर तैनात थे। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने कभी खलासी तो कभी यात्री बनकर ट्रक चालकों से जानकारी जुटाई और संदिग्ध वाहनों की रेकी की। पहली कार्रवाई: आलू के नीचे दबा रखी थी चंडीगढ़ की शराब 7 जनवरी की रात अनास चौकी के पास नाकाबंदी के दौरान बांसवाड़ा की तरफ से आ रहे एक कंटेनर (RJ-40-GA-0696) को रोका गया। चालक हीरासिंह ने शुरुआत में गाड़ी में आलू भरे होने की बात कहकर पुलिस को गुमराह किया। कड़ाई से पूछताछ करने पर वह घबरा गया। तलाशी लेने पर 220 आलू की बोरियों के नीचे चंडीगढ़ निर्मित अंग्रेजी शराब की 500 पेटियां बरामद हुईं। दूसरी कार्रवाई: पुलिस को देख ट्रक छोड़ भागा चालक 8 जनवरी की सुबह करीब 4 बजे इसी जगह एक ट्रक (GJ-07-YZ-5062) आता दिखा। पुलिस को देख चालक 50 मीटर पहले ही हेडलाइट बंद कर ट्रक छोड़ अंधेरे का फायदा उठाकर जंगल में भाग निकला। ट्रक की तलाशी ली गई तो उसमें ऊपर बबूल की सूखी लकड़ियां भरी थीं, जिनके नीचे राजस्थान निर्मित अवैध शराब की 105 पेटियां छिपाई गई थी। टीम की विशेष भूमिका इस पूरी कार्रवाई में कॉन्स्टेबल जगपाल सिंह और बलदेव सिंह का विशेष योगदान रहा। मामले की अगली जांच आनंदपुरी थानाधिकारी कपिल पाटीदार को सौंपी गई है।


