भास्कर न्यूज | बालोद सोमवार को गुंडरदेही ब्लॉक के ग्राम सिकोसा में आयोजित शाकंभरी जयंती कार्यक्रम में शामिल हुए प्रदेश के पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने मालीघोरी में 9 जनवरी से शुरु हो रहे राष्ट्रीय रोवर जंबूरी को लेकर बड़ा बयान दिया है। पूर्व सीएम ने कहा कि राष्ट्रीय जंबूरी भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया है। राज्य सरकार बिना टेंडर के लगभग 5 करोड़ का काम करवा रही है। कांग्रेस ने इस मामले की शिकायत एसीबी और ईओडब्ल्यू से किया है। पूर्व सीएम ने कहा कि कोरोना काल के दौरान कांग्रेस सरकार ने मनरेगा के माध्यम से गरीबों और मजदूरों को काम दिया, ताकि लोगों को रोजगार मिल सके लेकिन उसी समय कुछ लोगों ने यह कहकर हाईकोर्ट का रुख किया कि मनरेगा कार्यों में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं हो रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री ने सवाल उठाते हुए कहा जब परिवार के सदस्य घर में साथ रहते हैं तो क्या वहां सोशल डिस्टेंसिंग होती है? लेकिन वही लोग अगर मनरेगा में काम करने जाएं तो सोशल डिस्टेंसिंग याद आ जाती है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने अदालत का सहारा लेकर मनरेगा के कार्यों में बाधा डाली और आज स्थिति यह है कि प्रदेश में दो साल से मनरेगा के काम ठप पड़े हैं। ग्रामीण परेशान हैं। भूपेश बघेल ने मंच से सरकार को घेरते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार ने संकट के समय जनता के साथ खड़े होकर काम दिया, जबकि मौजूदा सरकार रोजगार देने के बजाय राजनीति कर रही है।


