बीकानेर में पिछले कुछ सालों में बसी प्राइवेट कॉलोनियों में सुविधाएं नहीं देने के विरोध में सोमवार को महिलाएं विरोध में उतर आई। इन महिलाओं को इतना गुस्सा आया कि नगर निगम आयुक्त के कमरे में घुसने के लिए गेट तक तोड़ डाला। आयुक्त के कमरे का दरवाजा तोड़ा बीकानेर के जयपुर रोड पर स्थित कॉलोनियों में रहने वालों ने सोमवार को विरोध प्रदर्शन किया था। जयपुर रोड की आधा दर्जन कॉलोनियों के लाेगों ने एक साथ मिलकर यहां विरोध प्रदर्शन किया। ये लोग पैदल नगर निगम कार्यालय तक पहुंचे। जहां आयुक्त मयंक मनीष अपने कमरे में नहीं थे। ऐसे में गेट बंद कर दिया गया। प्रदर्शन में सबसे आगे खड़ी महिलाओं ने गेट को पैर से बार-बार मारा, जिससे गेट के नीचे का हिस्सा टूट गया। इसी टूटे हिस्से से महिलाएं अंदर घुस गई। कमरा बंद देख गुस्से में आई महिलाएं इन कॉलोनियों के सैकड़ों निवासी जूनागढ़ से पैदल मार्च करते हुए नगर निगम पहुंचे थे। उनकी मांग है कि जयपुर रोड स्थित कॉलोनियों को नगर निगम में समायोजित किया जाए। लेकिन जब वे निगम कार्यालय पहुंचे तो देखा कि नगर निगम आयुक्त का कमरा बन्द है। ये देख कर मार्च में शामिल महिलाएं गुस्से में आ गईं। इन महिलाओं ने आयुक्त के कमरे का गेट तोड़ दिया और अन्दर घुस गईं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे कई बार आयुक्त को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक किसी भी मांग पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। हम बार-बार आ रहे हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं होती। अब हमारे पास यही रास्ता बचा था। फिलहाल, नगर निगम की ओर से इस पूरे घटनाक्रम पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।


