झालावाड़ के बकानी में एक वृद्धा महिला के साथ लूटपाट की घटना को अंजाम देने के मामले में शनिवार को पुलिस की टीम ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। एसपी ऋचा तोमर ने बताया कि पीड़िता गोपाली बाई (62) पुत्री लक्ष्मण गुर्जर निवासी रावण बरडी बकानी थाना बकानी ने बताया कि उसके साथ अज्ञात बदमाशों ने उसको जान से मारने की नियत से नशीली दवाई खिलाकर उसे बेहोश करने और उसके सोने व चांदी के आभूषण चुराकर ले जाने की रिपोर्ट पेश की थी। इसमें पुलिस थाना बकानी की टीम ने महज 48 घंटों में अज्ञात चोरों को किया गिरफ्तार कर लिया और चुराए गये माल को बरामद करने में सफलता हासिल की है। गोपाली बाई 17 दिसम्बर को शाम 7 बजे बकरियां चराकर घर आ गई थी और चाय पीकर सो रही थी, उसी समय एक लड़का आया और उसके भाई कैलाश का नाम लेकर प्रसाद दिया और प्रसाद में कोई नशीला पदार्थ मिलाकर खिलाकर उसकी चांदी की डेढ़ किलो की कढिया व एक चांदी की गले की चैन व एक नाक की लोंग खोलकर कोई अज्ञात व्यक्ति ले गया। उसे नींद आ गई, सुबह उसकी नींद खुली तो उसके सारे जेवरात और तीन हजार की नकदी गायब थे। मामला दर्ज होने पर बकानी पुलिस ने हत्या के प्रयास व चोरी का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। एसपी ऋचा तोमर ने बताया कि जिला झालावाड़ में चोरी की घटना को अत्यंत गंभीरता से लिया जाकर चोरियों पर अंकुश लगाने व वारदात के खुलासे के लिए एडिशनल एसपी चिरंजीलाल मीणा के निर्देशन एवं झालावाड़ डिप्टी हर्षराजसिंह खरेड़ा के सुपरविजन में थानाधिकारी बकानी रामेश्वर प्रसाद मीणा के नेतृत्व में टीमें गठित कर चोरी को खोलने के लिए टीमें रवाना कि गईं। टीमों ने लगातार अथक प्रयास किए व घटना के संबंध में आस पड़ोसियों से पूछताछ कि गई व घटना स्थल के आस पास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए जिसके आधार पर प्रकरण में महिला के जानकार मंगल कुशवाह (27) पुत्र रतनलाल कुशवाह निवासी अस्पताल रोड बकानी का 17 दिसंबर को रात के समय महिला के घर पर आना मालूम पड़ा। जिस पर टीमों ने काफी प्रयास कर चोरी के संबंध में इनपुट व गोपनीय जानकारी प्राप्त की गई तो पाया कि मंगल कुशवाह और उसके मौसी का लड़का मनीष कुशवाह 17 दिसंबर को विश्वकर्मा रेस्टोरेंट बकानी से मिठाई लेकर गए थे। मंगल कुशवाह को 20 दिसंबर को प्रकरण में डिटेन किया जाकर प्रकरण में मनोवैज्ञानिक तरीके से अनुसंधान किया तो मंगल कुशवाह ने बताया कि उसके ऊपर काफी कर्जा हो गया था, जिस कारण वह परेशान रहता था। अपना कर्जा चुकाने के लिए उसने गोपाली बाई को नींद की दवाई मिठाई में मिलाकर खिलाई और उसका ध्यान हटा कर पीछे का दरवाजा खोल दिया और जब गोपाली बाई बेहोश हो गई, तो उसके साथी मनीष के साथ रात के समय गोपाली बाई के मकान के अन्दर प्रवेश कर गए और उसके पैरो मे पहनी चांदी की कढिया व गले में पहनी चांदी की माला व नाक मे पहना सोने का भवरिया खोल कर ले गये। घटना के संबंध में थाना बकानी पर प्रकरण दर्ज होने पर मुलजिम को प्रकरण में गिरफ्तार कर अनुसंधान किया गया व मुलजिम से प्रकरण का चोरी किया गया माल चांदी की कड़िया बरामद करने में सफलता प्राप्त की है। फरार मनीष कुशवाह की तलाश जारी है।


