बैंक में बंधक बनाए गए प्लॉट पर इंदौर की कबीर रियलिटी प्राइवेट लिमिटेड के डायरेक्टर परिवार ने मल्टी बनाकर फ्लैट बेच दिए। मामले की शिकायत के बाद आर्थिक अपराध अनुसंधान (EOW) इंदौर ने 3 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी की विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया है। कंंपनी के कर्ताधर्ता सिराजुद्दीन मलिक, मुर्तजा मलिक पिता सिराजुद्दीन मलिक और सलमा बाई पति सिराजुद्दीन मलिक हैं। इन में से सिराजुद्दीन का निधन हो चुका है। एसपी EOW आरपी यादव ने बताया इन तीनों ने आईसीआईसीआई होम फायनेंस के पास रखी बंधक संपत्ति पर निर्मित बहुमंजिला इमारत के फ्लैट को अन्य लोगों को बेचकर अवैध लाभ अर्जित किया। बिना लोन चुकाए बेच दिए फ्लैट्स
आरोपियों ने ICICI एचएफसी के बंधक प्लॉट पर बहुमंजिला इमारत कबीर मैनोर का निर्माण कर इमारत में प्रकोष्ठ बनवाए। फिर बिना आईसीआईसीआई एचएफसी को सूचित किए और लोन को चुकाए बिना ही अन्य लोगों को फ्लैट्स को बेच दिए। जबकि सभी फ्लैट्स कबीर मैनोर के नाम से बनी मल्टी के भाग हैं। कबीर मैनोर मल्टी अग्रवाल स्टेट सांघी काॅलोनी में बनी है। यह प्लॉट आईसीआईसीआई एचएफसी के पास बंधक रखा है। 2008 में इस बंधक पर कबीर रियलिटी प्रा. लि. द्वारा 75 लाख रुपए का लोन लिया गया था। 4.20 करोड़ रुपए का भुगतान नहीं किया
कबीर रियलिटी के डायरेक्टर मुर्तजा मलिक, सिराजुद्दीन मलिक और सलमा बाई को यह मालूम होते हुए भी की उन्होंने आईसीआईसीआई एचएफसी की पूरी बकाया राशि 4.20 करोड़ रुपए का भुगतान नहीं किया है। ऐसे ही बैंक से कोई एनओसी प्राप्त नहीं की गई है। आरोपियों द्वारा लोन की राशि आईसीआईसीआई एचएफसी को चुकाए बगैर ही फ्लैट बेच दिए गए। इस तरह आरोपियों ने बैंक और फ्लैट खरीदने वालों के साथ धोखाधड़ी की। इसके चलते इनके खिलाफ धोखाधड़ी की विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है।


