बैतूल में सामाजिक न्याय और दिव्यांग सशक्तिकरण विभाग ने एडीप योजना के तहत जीवन उपयोगी उपकरणों का वितरण किया। बैतूल, भैंसदेही और आठनेर ब्लॉक के कुल 133 वृद्ध हितग्राहियों को ये उपकरण प्रदान किए गए। जबलपुर की एलमको कंपनी ने यह सामग्री भेंट की। कार्यक्रम का शुभारंभ जिला पंचायत उपाध्यक्ष हंसराज धुर्वे ने किया। जनपद पंचायत बैतूल में आयोजित इस शिविर में 60 वर्ष से अधिक आयु के उन वरिष्ठ नागरिकों को लाभ मिला, जिनकी वार्षिक आय 2 लाख 22 हजार रुपए से कम है या जो गरीबी रेखा के अंतर्गत आते हैं। उन्हें व्हीलचेयर, कमोड, बैसाखी और छड़ी जैसे आवश्यक उपकरण दिए गए। विभाग की उप संचालक रोशनी वर्मा ने बताया कि तीन विकासखंडों के 133 लाभार्थियों को सामग्री वितरित की गई है। यह योजना केंद्र सरकार द्वारा वर्ष 1981 से संचालित की जा रही है। इसका उद्देश्य जरूरतमंद दिव्यांग व्यक्तियों को मुफ्त या रियायती दरों पर सहायक उपकरण उपलब्ध कराना है, ताकि वे दैनिक जीवन में आत्मनिर्भर बन सकें और सामाजिक रूप से सशक्त हो सकें। एडीप योजना के तहत विभिन्न प्रकार के उपकरण प्रदान किए जाते हैं। इनमें व्हीलचेयर, ट्राइसाइकिल, क्रच, वॉकर, श्रवण यंत्र, ब्रेल किताबें, स्मार्ट केन, स्मार्टफोन और अन्य आधुनिक सहायक साधन शामिल हैं। इस योजना का लाभ उठाने के लिए व्यक्ति का भारतीय नागरिक होना अनिवार्य है। साथ ही, उसकी दिव्यांगता कम से कम 40 प्रतिशत या उससे अधिक प्रमाणित होनी चाहिए और मासिक आय 30 हजार रुपए से कम होनी चाहिए। आश्रित व्यक्तियों के मामले में उनके अभिभावक की आय भी इसी सीमा में मानी जाती है। आवश्यकता पड़ने पर, योजना के तहत कुछ मामलों में सुधारात्मक शल्य चिकित्सा (corrective surgery) की सुविधा भी दी जाती है, जिससे प्रदान किए गए उपकरण का बेहतर उपयोग सुनिश्चित हो सके।


