सामाजिक संस्था ‘मानव सेवा संकल्प’ ने सूरजपोल गेट के बाहर स्थित बांकेबिहारी जी की बगीची में एक महिला जागरूकता बैठक का आयोजन किया। यह बैठक मकर संक्रांति पर होने वाले 12वें विशाल रक्तदान शिविर की तैयारियों के तहत की गई। इसका मुख्य उद्देश्य महिलाओं में रक्तदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करना और उन्हें इस पुनीत कार्य से जोड़ना था। बैठक में चिकित्सा विशेषज्ञों ने महिलाओं को रक्तदान के वैज्ञानिक पहलुओं की जानकारी दी। डॉ. अंजना राठी और लैब टेक्नीशियन रसिक बिहारी व्यास ने बताया कि रक्तदान से महिलाओं के स्वास्थ्य पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता। उन्होंने स्पष्ट किया कि उचित हीमोग्लोबिन स्तर वाली महिलाएं सुरक्षित रूप से नियमित अंतराल पर रक्तदान कर सकती हैं। विशेषज्ञों ने कमजोरी आने जैसी आम भ्रांतियों को वैज्ञानिक तथ्यों के आधार पर खारिज किया।
संस्था के प्रणेता एडवोकेट अजय शर्मा ने कहा कि महिलाएं समाज की धुरी हैं और उनके जागरूक होने से पूरा परिवार व समाज प्रभावित होता है। उन्होंने मकर संक्रांति पर आयोजित होने वाले शिविर में अधिक से अधिक महिलाओं से रक्तदान में भाग लेने का आह्वान किया। पूर्व विधायक माणक डाणी ने भी महिलाओं की भागीदारी पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि महिलाओं की सहभागिता से रक्तदान आंदोलन को नई दिशा मिलेगी और वे अपने परिवार व पड़ोस में दूसरों के लिए प्रेरणा स्रोत बनेंगी।
संस्था अध्यक्ष अमित बंसल ने बताया कि आगामी 14 जनवरी को फतेहपुरिया बगीची में विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन किया जाएगा।
शिविर संयोजक मुकेश गर्ग ने स्पष्ट किया कि संस्था का उद्देश्य केवल रक्तदान शिविर आयोजित करना नहीं, बल्कि समाज में रक्तदान के प्रति स्थायी जागरूकता पैदा करना है।


