भास्कर न्यूज | जालंधर भगवान हनुमान के बाल रूप की पूजा-अर्चना कर भक्त धन्य होते हैं। जालंधर सिटी में पहला बाबोसा मंदिर है जहां पर 21 दिसंबर को भव्य और ऐतिहासिक धार्मिक उत्सव आयोजित होने जा रहा है। इस विशेष अवसर पर 51 बाबोसा महाराज (विग्रहों) का सामूहिक महाअभिषेक किया जाएगा। इस दिव्य आयोजन को लेकर भक्तों में भारी उत्साह है और मंदिर परिसर में तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। प्राचीन ब्रह्मकुंड मंदिर के चेयरमैन सुरेश सहगल और राजेश सम्मी ने बताया कि 21 दिसंबर को ब्रह्मकुंड हनुमान बाबोसा मंदिर किशनपुरा रोड में बाबोसा भजनामृत वर्षा और महाभिषेक का आयोजन श्रद्धापूर्वक किया जा रहा है। सुबह के समय विद्वानों द्वारा विधिवत पूजन कर बाबोसा भगवान की 51 प्रतिमाओं का महाभिषेक होगा। अभिषेक के बाद 3 फुट की 51 प्रतिमाओं और 500 से अधिक छोटी प्रतिमाओं को श्रद्धालुओं को निशुल्क रूप से वितरित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मंदिर परिसर में परम आराधिका मंजू बाईसा के चरण कमलों से जालंधर भी महक उठेगा। राजेश सम्मी ने बताया कि श्री बाबोसा भगवान का मंदिर आकर्षक का केंद्र बिंदु है। यह जालंधर शहर में पहला मंदिर है, जोकि धौलपुर (राजस्थान) स्थित मंदिर के जैसा तैयार किया गया है। जिसका डिजाइन धौलपुर में विशेष कारीगरों द्वारा तैयार किया गया। उन्होंने बताया कि रविवार को सुबह वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ अभिषेक होगा। यह आयोजन आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार करने और विश्व शांति की कामना के लिए किया जा रहा है। अभिषेक के बाद प्रभु का विशेष शृंगार और महाआरती अभिषेक के बाद बाबोसा महाराज का मनमोहक शृंगार किया जाएगा जोकि आकर्षण का केंद्र होगा। बाबोसा महाराज की प्रतिमा।


