भास्कर न्यूज |गिरिडीह जमुआ प्रखंड अंतर्गत भंडारों गांव में अखिल विश्व गायत्री परिवार के बैनर तले शिक्षा एवं नशा उन्मूलन आंदोलन के तहत एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व गायत्री परिवार के प्रखंड समन्वयक बलदेव प्रसाद ने किया।स्कूली बच्चों को नशे से होने वाले शारीरिक, मानसिक और सामाजिक दुष्परिणामों की विस्तार से जानकारी दी गई तथा उन्हें नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया गया।बलदेव प्रसाद ने अपने संबोधन में कहा कि नशा युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए सबसे बड़ा खतरा है। बल्कि पढ़ाई, परिवार और समाज पर भी नकारात्मक असर पड़ता है। उन्होंने बच्चों को समझाया कि नशे की लत व्यक्ति की सोचने-समझने की शक्ति को कमजोर कर देती है और जीवन के लक्ष्य से भटका देती है। इसलिए विद्यार्थियों को शुरू से ही नशे से दूरी बनाकर रखनी चाहिए और अच्छे संस्कारों को अपनाना चाहिए।कार्यक्रम के दौरान बच्चों को सकारात्मक जीवन मूल्यों की ओर प्रेरित करते हुए गायत्री मंत्र के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया। बलदेव प्रसाद ने बताया कि गायत्री मंत्र का नियमित जप मन को शुद्ध करता है, एकाग्रता बढ़ाता है और आत्मबल को मजबूत करता है।


