दतिया के भांडेर तहसील के बस स्टैंड स्थित कब्रिस्तान को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया। भांडेर निवासी इसरार खान का बीमारी के चलते निधन हो गया था। परिजन जब बुधवार को उनके शव को दफनाने के लिए भांडेर लाए और बस स्टैंड स्थित कब्रिस्तान पहुंचे, तभी भांडेर निवासी नीतू शर्मा और विट्टू शर्मा ने कब्रिस्तान को अपनी निजी भूमि बताते हुए दफनाने पर आपत्ति जता दी। अचानक हुए विवाद के चलते माहौल तनावपूर्ण हो गया। सूचना मिलते ही तहसीलदार सुनील भदौरिया और भांडेर थाना पुलिस दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने दोनों पक्षों को समझाइश देकर स्थिति को नियंत्रित किया। छह माह से कोर्ट में चल रहा मामला जानकारी के अनुसार उक्त कब्रिस्तान की भूमि पर पिछले 6 माह से न्यायालय में विवाद विचाराधीन है। नीतू शर्मा और विट्टू शर्मा इस भूमि पर अपना स्वामित्व बताते हैं। पहले भी यह मामला सुर्खियों में आ चुका है, लेकिन अभी तक कोर्ट का फैसला नहीं आया है। ईदगाह कब्रिस्तान में कराया गया दफन स्थिति को शांत करने और अंतिम संस्कार में देर न हो, इसके लिए प्रशासन ने हस्तक्षेप करते हुए शव को ईदगाह स्थित कब्रिस्तान में दफन करवाया। परिजनों ने भी प्रशासनिक व्यवस्था के चलते सहमति जताई। भांडेर एसडीएम सोनाली राजपूत ने बताया कि, कब्रिस्तान की जमीन को लेकर विवाद सामने आया था। प्रशासन ने तुरंत हस्तक्षेप किया और स्थिति को शांत कराया। मामला न्यायालय में विचाराधीन है। दूसरे पक्ष को समझाने के बाद शव को ईदगाह कब्रिस्तान में दफनाया गया है।


