भाजपा के आरोपों पर प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता सोनाल शांति ने मंगलवार को कहा कि पहले भाजपा यह बताए कि सरना धर्म कोड के मामले में वह अपनी मंशा को साफ क्यों नहीं कर रही है? उन्होंने सवाल किया कि क्या भाजपा सरना धर्म कोड लागू करना चाहती है? आदिवासियों की धार्मिक पहचान को भाजपा शुरू से ही नकारती रही है। इसीलिए, आदिवासियों को वनवासी का नाम दिया है। वनवासी कल्याण के नाम पर आदिवासी समुदाय को वोट बैंक का मोहरा बनाते रही है। कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि रघुवर दास के शासनकाल में कांग्रेस विधायक सुखदेव भगत ने मुख्यमंत्री प्रश्न काल में सरना धर्म कोड लागू करने की मांग की थी, लेकिन तत्कालीन मुख्यमंत्री रघुवर दास ने इससे स्पष्ट इनकार करते हुए कहा था कि सरकार की ऐसी कोई मंशा नहीं है। पांच वर्षों तक अर्जुन मुंडा केंद्र सरकार में जनजातीय मंत्री रहे, लेकिन सरना धर्म कोड के बारे में कोई कार्रवाई नहीं की।


